उदयपुर। मास्टर प्लान के तहत शोभागपुरा से आरटीओ कार्यालय तक देहली पब्लिक स्कूल के पास सौ फीट रोड पर अतिक्रमण हटाने के बाद आज भी रोड लेवल का काम चलता रहा। साथ ही सड़क का काम भी शुरु कर दिया गया। इधर यूआईटी अधिकारियों पर इस कार्रवाई को लेकर पक्षपात का आरोप भी लगाया है।
गौरतलब है कि शोभागपुरा से आरटीओ तक मास्टर प्लान में 100 फिट रोड प्रस्तावित है तथा इस रोड पर आने वाले मकानों को यूआईटी पूर्व में नोटिस दे चुका था जिसे लोगों ने गंभीरता पुर्वक नहीं लिया। तीन दिन पहले मार्किंग करने के बाद रविवार को सुबह सुबह युआइटी के अधिकारी पुलिस बल के साथ पहुंचे और 13 घंटे तक कार्रवाई करते हुए जेसीबी से करीब 10 छोटे बडे अतिक्रमण ध्वस्त किये। इनमें कच्चे मकानों के साथ साथ कुछ पक्के मकान भी शामिल थे। स्थानीय लोगों का कहना है कि यूआईटी ने पक्षपात पूर्ण कार्रवाई की और कुछ प्रभावशाली लोगों की जमीन को बचाने के लिये अपनी मर्जी अनुसार सड़क को घुमाव दे दिये है। जबकि तकनीकी रूप से ऐसी सडक के निर्माण में कोई घुमाव नहीं होते है। यू आई टी सेक्रेटी ने किसी के साथ भी पक्षपात करने के आरोप को नकारते हुए कहा है कि कार्रवाई नियमों के तहत ही की गयी है ।
आज सुबह से 100 फ़ीट रोड को आकार देने का काम चल रहा है। हालांकि अभी भी दो तीन मकान ऐसे है, जो रास्ते में आरहे है जिन्हे हटाने की कार्रवाई की जायेगी
शोभागपुरा में अतिक्रमण हटाने का काम जारी
पटरी पर मिला युवक का शव, हत्या की आशंका


शरीर पर कहीं नहीं है रेल से कटने का निशान, धड़ से अलग मिला मृतक का सिर
उदयपुर। प्रतापनगर थाना क्षेत्र के देबारी रेल्वे टे्रक पर आज सवेरे एक युवक की सिर कटी लाश मिली। पुलिस ने शव को एमबी अस्पताल की मोर्चरी में रखवा कर परिजनों को सूचना दी है।
सूत्रों के अनुसार आज सवेरे किसी व्यक्ति ने प्रतापनगर थाने में सूचना दी कि देबारी में रेल्वे टे्रक पर एक युवक की लाश पड़ी है। सूचना मिलने पर देबारी चौकी प्रभारी भरत योगी मय जाब्ते के मौके पर पहुंचे। तलाशी के दौरान पता चला के शव कालका माता, पहाड़ा निवासी तौशीफ (२२) पुत्र सलीम खान का है। पुलिस ने शव को एमबी अस्पताल की मोचर्री में रखवाकर परिजनों को सूचना दी। सूचना पर पहुंचे परिजनों ने पुलिस को बताया कि युवक कल रात को किसी रिश्तेदार के यहां शादी में भाग लेने के लिए ए वन गार्डन गया था। जहां से देर रात तक नहीं लौटा। मृतक के पिता का आरोप है कि तौशीफ की मौत रेल से कटने से हुई है। मृतक के शरीर पर रेल से कटने का कोई निशान नही है। जिससे उसकी हत्या किए जाने की आशंका है। परिजनों ने बताया कि तौशीफ बीएन कॉलेज का छात्र है। समाचार लिखे जाने तक पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम नहीं कराया था न ही मृतक के पिता ने हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई। इधर पुलिस मौत को कारणों को जानने का प्रयास कर रही है।
एक्जिट पोल में मोदी सरकार, जानिए.. कहां किसको कितनी सीटें

नई दिल्ली नरेंद्र मोदी के पीएम बनने के भाजपा के दावों पर अब एक्जिट पोल ने भी मुहर लगा दी है। सभी नौ चरणों के मतदान के आधार पर किए गए अधिकांश एक्जिट पोल में राजग को पूर्ण बहुमत मिलता दिखाया गया है। इनके मुताबिक हिंदी भाषी राज्यों से कांग्रेस का सफाया हो सकता है और वह सिर्फ दो अंकों में सिमट सकती है। यूपी, बिहार के अलावा मध्य प्रदेश, राजस्थान, छत्तीसगढ़ व हरियाणा जैसे राज्यों में एक्जिट पोल मोदी की लहर के स्पष्ट संकेत दे रहे हैं। ज्यादातर सर्वेक्षणों ने राजग को बहुमत दिया है वहीं, लोकसभा चुनावों से ऐन पहले हुए विधानसभा चुनावों में सबसे सटीक भविष्यवाणी करने वाले टुडेज चाणक्य के सर्वेक्षण ने तो अकेले भाजपा को पूर्ण बहुमत से आगे का आंकड़ा दे दिया है।
हिंदी पंट्टी से लेकर पश्चिम और दक्षिण कहीं से भी एक्जिट पोल में कांग्रेस के लिए अच्छी खबरें नहीं आ रही हैं। पिछली दो बार से लगातार मजबूती देते रहे आंध्र प्रदेश में भी कांग्रेस बंटवारे का कार्ड खेलने के बाद भी धड़ाम रही। आंध्र प्रदेश में जगन मोहन रेड्डी इससे आगे निकलते दिखाए गए हैं। वैसे कांग्रेस ने एक्जिट पोल पर होने वाली किसी भी बहस का बहिष्कार किया है और उसने वर्ष 2004 और 2009 के चुनावों में एक्जिट पोल गलत साबित होने का उदाहरण दिया है। चुनाव के नतीजे चार दिन बाद शुक्रवार को आने वाले हैं।
बहरहाल, सभी एक्जिट पोल केंद्र में नरेंद्र मोदी सरकार बनती और कांग्रेस की अब तक की सबसे बुरी हार होती दिखा रहे हैं। इनमें आज तक-सीसरो जहां राजग को 272 सीटें मिलते दिखा रहा है, वहीं इंडिया टीवी-सी वोटर इसे 289 सीटों के साथ अच्छी बढ़त पाता दिखा रहा है। टाइम्स नाऊ-ओआरजी मार्ग ने राजग को 249 सीटें मिलने की भविष्यवाणी जरूर की है, लेकिन ऐसी स्थिति में भी यह गठबंधन जरूरी सीटों से ज्यादा दूरी पर नहीं है। इसी तरह आज तक-सीसरो ने जहां कांग्रेस नेतृत्व वाले संप्रग को 115 सीटें दी हैं, वहीं अन्य दलों के लिए 156 सीटें रखी हैं। इंडिया टीवी-सी वोटर ने संप्रग को 101 सीटें दी हैं। एक्जिट पोल में आम आदमी पार्टी भी पांच सीटों के साथ अपने पहले चुनाव में खाता खोल रही है। हालांकि, यह नहीं भुला जा सकता कि 2004 में तो ऐसे अधिकांश सर्वेक्षण भाजपा नेतृत्व की सरकार आती दिखा रहे थे। गत विस चुनावों में सबसे सटीक आकलन देने वाली सर्वेक्षण एजेंसी टुडेज चाणक्य ने अकेले भाजपा को 291 व राजग 340 सीटें दी हैं और कांग्रेस को आपातकाल के बाद से भी कम यानी 57 सीटों का अनुमान लगाया है।
कहां किसको कितनी सीटें
* आइबीएन-सीएसडीएस के एक्जिट पोल के मुताबिक मध्य प्रदेश की कुल 29 सीटों में से भाजपा को 24 से 28 सीटें और कांग्रेस को 1 से 5 सीटें मिलने का अनुमान है।
* राजस्थान की 25 सीटों में भाजपा को 22 से 24 सीटें मिल सकती हैं तो कांग्रेस को 1 से 3 सीटें।
* गुजरात की 26 सीटों में भाजपा को 21 से 25 सीटें मिलने का अनुमान है तो कांग्रेस को महज 1 से 5 सीटें।
* महाराष्ट्र की 48 सीटों भाजपा-शिवसेना को 33 से 37 सीटें मिलने का अनुमान है जबकि कांग्रेस-एनसीपी को 11 से 15 के बीच संतोष करना पड़ सकता है।
* उत्तर प्रदेश की 80 सीटों में भाजपा को 45 से 53 सीटें मिलने का अनुमान है। सपा को 13 से 17, बसपा को 10 से 14 और कांग्रेस को 3 से 5 सीटें।
* बिहार की 40 सीटों में भाजपा गठजोड़ को 21 से 27 सीटें मिल सकती हैं। राजद-कांग्रेस को 11 से 15 और जेडीयू को 2 से 4 सीटें।
* केरल की 20 में 11 से 14 सीटें कांग्रेस गठजोड़ के खाते में जा सकती हैं तो वाम मोर्चे के गठजोड़ को 6 से 9 सीटें मिलने का अनुमान है।
* तमिलनाडु की 39 सीटों में अन्नाद्रमुक को 22 से 28 सीटें मिलने की संभावना है जबकि द्रमुक को 7 से 11 सीटें और भाजपा गठजोड़ को 4 से 6 सीटें मिल सकती हैं।
* तेलंगाना की 17 सीटों में टीआरएस को 8 से 12 सीटें, कांग्रेस को 3 से 5 और भाजपा गठबंधन को 2 से 4 सीटें मिल सकती हैं।
* सीमांध्र की 25 सीटों में वाईएसआर कांग्रेस और भाजपा गठजोड़, दोनों के खाते में 11 से 15 सीटें दिखाई गई हैं। कांग्रेस का यहां खाता खुलता नहीं दिख रहा।
* कर्नाटक की 28 सीटों में कांग्रेस को 12 से 16 सीटें मिल सकती हैं तो भाजपा को 10 से 14 और जेडीएस को 1 से 3 सीटें मिलने का अनुमान है।
* पश्चिम बंगाल की 42 सीटों में टीएमसी को 25 से 31 सीटें, वाम मोर्चे को 7 से 11 सीटें, कांग्रेस को 2 से 4 सीटें और भाजपा को 1 से 3 सीटें मिलने के आसार हैं।
* ओडिशा की 21 सीटों में बीजद के खाते में 12 से 16, भाजपा के खाते में 3 से 7 और कांग्रेस के हिस्से में 1 से 3 सीटें दिखाई गई हैं।
* दिल्ली की सात सीटों में भाजपा को 5 से 7 सीटें मिल सकती हैं तो 0 से 2 सीटें आम आदमी पार्टी के खाते में जा सकती हैं।
एक्जिट पोल नतीजे
पोल — राजग — संप्रग — अन्य
टाइम्स नाऊ+ओआरजी — 249 — 148 — 146
इंडिया टुडे+सिसरो — 261-283 — 110-120 — 150-162
एबीपी+नील्सन — 281 — 97 — 165
आइबीएन+सीएसडीएस — 270-282 — 92-102 — 159-181
इंडिया टीवी+सीवोटर — 289 — 101 — 153
न्यूज 24+चाणक्य — 326-354 — 61-79 — 122-144
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2009 में भाजपा को 116, कांग्रेस को 206, अन्य को 221 सीटें मिली थीं
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राज्य की स्थिति
(एबीपी-नील्सन के अनुसार)
पार्टी — सीटें
हरियाणा — (10)
भाजपा — 9
कांग्रेस — 1
अन्य — 0
उत्तर प्रदेश — (80)
भाजपा — 46
कांग्रेस — 8
बसपा — 13
सपा — 12
अन्य — 1
बिहार — (40)
राजग — 21
संप्रग — 14
जदयू — 5
पश्चिम बंगाल — (42)
तृणमूल कांग्रेस — 24
वाम मोर्चा — 12
अन्य — 6
महाराष्ट्र — (48)
राजग — 32
संप्रग — 15
आप — 1
गुजरात — (26)
भाजपा — 24
कांग्रेस — 2
झारखंड — (14)
भाजपा — 12
कांग्रेस — 1
अन्य — 1
दिल्ली — (7)
भाजपा — 5
आप — 2
कांग्रेस — 0
उत्तराखंड — (5)
भाजपा — 5
कांग्रेस — 0
हिमाचल प्रदेश — (4)
भाजपा — 3
कांग्रेस — 1
आंध्र प्रदेश — (42)
राजग — 12
कांग्रेस — 3
टीआरएस — 8
वाइएसआर कांग्रेस — 18
अन्य — 1
कर्नाटक — (28)
भाजपा — 16
कांग्रेस — 8
जेडी एस — 4
केरल — (20)
भाजपा — 1
कांग्रेस — 9
लेफ्ट — 8
अन्य — 2
ओडिशा — (21)
भाजपा — 10
कांग्रेस — 2
बीजद — 9
पंजाब कुल सीटें-13
पार्टी — न्यूज 24-चाणक्य — आइबीएन+सीएसडीएस — टाइम्स नाऊ+ओआरजी — आज तक+सिसरो
राजग — 5 — 6-9 — 7 — 8-9
कांग्रेस — 3 — 3-5 — 6 — 4-5
आप — 5 — 1-3 — 0 — –
अन्य — – — – — 0 — –
राणाजी मे महिलाओं क किया सम्मान

उदयपुर। मदर्स डे पर फतहसागर स्थित राणाजी रेस्टोरेंट मे प्ले स्कूल किडजी और राणाजी के संयुक्त तत्वावधान मे 300 से अधिक माताओं का रंगारंग कार्यक्रम आयोजित किया गया।
किडजी की निदेशिका सुरभि पंवार ने बतया कि माँ का प्यार ममता का प्रतिक माना गया है। और आज के इस दौर में माँ अपने अनेक किरदार को निभाते निभाते खुद के लिये समय ही नहीं निकाल पाती, इसी भावना को ध्यान मे रखते हुए किडजी परिवार ने राणाजी के साथ मिलकर मदर्स डे पर माताओं के सम्मान के लिये यह कार्यक्रम आयोजित किया। जिसमे किडजी स्कूल कि सभी शाखाओं के बच्चों की 300 से अधिक माताओं ने भाग लिया और फतहसागर किनारे राणाजी रेस्टॉरेन्ट के गार्डन में सुहाने मौसम मे मनोरंजन शाम बिताई जिसमे प्रतिभागी माताओं ने कई प्रतियोगिताओं मे भाग लिया उनकी लिये कईं मनोरंजक खेल का आयोजन किया। विभिन्न आयोजित प्रतियोगिताएं मे बच्चोँ ने अपनी माँ के उत्साह वर्धन के लिए जम कर हूटिंग भि क़ी। प्रतियोगिताएं में विजेता माताओ को पारितोषिक भी दिये गये। राणाजी के निदेशक प्रषान्त जैन ने बताया की माताएं हमेशा अपने परिवार और बच्चों के लिये स्वादिष्ट व्यंजन बनाती है । मदर्स डे पर विशेष तौर पर माताओं के उस स्नेह को ध्यान मे रखते हुए राणाजी ने स्वादिष्ट व्यंजनों को उन माताओं को परोसा जिन्का सभी ने जम कर आनन्द उठाया। कार्यक्रम के अंत मे सभी माताओं को किड्जी की निदेशिका सुरभि पंवार व राणाजी के निदेशक प्रशांत जैन द्वारा स्मृति चिन्ह भेंट किये गये । यह सभी स्मृति चिन्ह बच्चों के द्वारा ही बनाये गये थे।
हिन्दुस्तान जिंक करेगा 152 सरकारी विद्यालयों का कायाकल्प
उदयपुर। हिन्दुस्तान जिंक एवं जिला शिक्षा विभाग, राजस्थान सरकार ने आज 40 सरकारी स्कूलों में महत्वपूर्ण आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए एक समाझोता के ज्ञापन पर हस्ताक्षर किये। इससे पूर्व हिन्दुस्तान ज़िंक ने राजस्थान राज्य के 112 ग्रामीण सरकारी विद्यालयों में आधारभूत बदलाव लाने के लिए समझौते के ज्ञापन पर हस्ताक्षर किये है, जिसमें 72 स्कूल भीलवाड़ा से, 20 चित्तौडगढ़ तथा 20 राजसमन्द के स्कूल शामिल हैं। भिलवाड़ा, चित्तौड़गढ़ तथा राजसमन्द जिले के 112 विद्यालयों में कार्य प्रगति पर है तथा उदयपुर जिले में 40 सरकारी विद्यालयों के कायाकल्प के लिए अनुबंध पर आज हस्ताक्षर हुए हैं।
इस अनुबंध के साथ ही हिन्दुस्तान जिंक अब 152 सरकारी स्कूलों का कायाकल्प करेगा तथा इस कार्य पर लगभग 5 करोड़ रुपये खर्च करेगा।
यह कार्य पब्लिक-प्राईवेट पार्टनरषिप मॉडल के तहत पूरा किया जाएगा जिसमें बाऊण्ड्री वॉल का निर्माण, अतिरिक्त कक्षा-कक्षों का निर्माण, हैण्ड पम्प, शोचालयों का निर्माण, डेजर्ट कूलर, एग्जास्ट एवं सीलिंग पंखे तथा फर्नीचर, विद्यार्थियों के लिए स्कॉलरषिप एवं पुरस्कार, खेल के लिए प्ले ग्राऊण्ड का निर्माण, स्वच्छ पानी के लिए अतिरिक्त वाटर पम्प तथा भवनों, फर्नीचर तथा अन्य आधारभूत सुविधाओं का कार्य सम्मिलित है। पर्यावरण के प्रति जागरूकता पैदा करने के लिए हिन्दुस्तान जिंक विद्यार्थियों द्वारा पौधारोपण भी करायेगा।
हिन्दुस्तान जिंक के एसोसिएट वाइस प्रेसीडेन्ट एवं हेड-कार्पोरेट कम्यूनिकेषन, पवन कौषिक ने बताया कि 112 सरकारी विद्यालयों में पहले ही आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए हिन्दुस्तान जिंक ने कार्य प्रारंभ कर दिया है। आषा है कि पब्लिक-प्राईवेट पार्टनरषिप मॉडल के तहत इन विद्यालयों में षिक्षा के स्तर में उल्लेखनीय सुधार होगा। इन 40 स्कूलोें के सुधार के लिए भी एक समिति का गठन किया जायेगा जिसमें हिन्दुस्तान जिंक के वरिष्ठ अधिकारी तथा प्रभारी जिला कलेक्टर की ओर से नियुक्त व्यक्तियों को रखा जाएगा। हिन्दुस्तान जिंक आवष्यकतानुसार कार्य के लिए प्रतिवर्ष सीधा बजट उपलब्ध करायेगा ।
उल्लेखनीय है कि इन 40 विद्यालयो में देबारी पंचायत के 10 विद्यालय, जावर पंचायत के 12 विद्यालय, मटून पंचायत के 8 तथा उदयपुर सिटी के 10 विद्यालयों का चयन किया गया है जिसमें 9 बालिका विद्यालय भी सम्मिलित है।
ज्ञातव्य रहे कि षिक्षा सुपोषण तथा प्राथमिक चिकित्सा में सुधार के लिए दो वर्ष पूर्व कंपनी ने ‘‘ख़ुशी’’ अभियान की शुरूआत की थी। जिसके माध्यम से आधारभूत सुविधाओं में सुधार के लिए ऑन लाईन विचार-विमर्ष एवं गहन चर्चाएं की जाती रही हैं अभियान के प्रयास के परिणास्वरूप हिन्दुस्तान जिंक ने निष्चिय किया कि स्कूलों में आधारभूत सुधार के लिए और अधिक सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए आधारभूत सुविधाओं में बदलाव लाना आवष्यक है।
हिन्दुस्तान जिंक की हेड-सी.एस.आर श्रीमती सुषमा शर्मा ने हिन्दुस्तान जिंक द्वारा शिक्षा क्षेत्र में किए जा रहे कार्यों के बारे में विस्तृत जानकारी दी। श्रीमती कृष्णा चौहान, जिला षिक्षा अधिकारी एवं श्री भूपेन्द्र जैन, जिला शिक्षा अधिकारी ने हिन्दुस्तान जिंक का आभार व्यक्त किया तथा स्कूलों में हिन्दुस्तान जिंक द्वारा लाये जा रहे बदलाव की प्रषंसा की। इन्होंने कहा कि इस बदलाव से सरकारी स्कूलों के शिक्षा स्तर में उल्लेखनीय परिवर्तन आएगा।
हिन्दुस्तान जिंक की ओर से समझौते के ज्ञापन पर हेड-सी.एस.आर. श्रीमती सुषमा शर्मा एवं राजस्थान सरकार के जिला षिक्षा अधिकारी-सेकण्डरी, श्री श्रीमती कृष्णा चौहान एवं ऐलीमेन्टरी जिला षिक्षा अधिकारी श्री भूपेन्द्र जैन ने हस्ताक्षर किए। इस अवसर पर हिन्दुस्तान जिंक के श्री सी.एस.आर. मेहता, हेड-कार्पोरेट रिलेषन्स, हिन्दुस्तान जिं़क के एसोसिएट वाईस प्रेसीडेन्ट-कार्पोरेट कम्यूनिकेषन श्री पवन कोषिक तथा श्रीमती हेमलता मेनारिया, सहायक जिला षिक्षा अधिकारी, डॉ. एस.एस. जमरानी, अतिरिक्त निदेषक (खान विभाग), डॉ. सुयष चतुर्वेदी प्राचार्य, जी.एस.एस..एस., गुडली, श्रीमती नीरजा रोजर्स, प्राचार्य, जी.जी.एस.एस..एस,भूपालपुरा, श्रीमती गौरी जमरानी, प्राचार्य, अम्बामाता गर्ल्स स्कूल उपस्थित रहे।
शराबी बाप ने काटी छह साल के बेटे की गर्दन

उदयपुर। नाई थाना क्षेत्र के छोटी ऊंदरी गांव में बीती रात दिल दहला देने वाली वारदात हुई। एक शराबी बाप ने नशे में तलवार से उसके छह साल के बेटे को काटकर मार डाला। वारदात के बाद से आरोपी फरार है, जबकि सूचना पर पहुंची पुलिस ने बच्चे के शव को एमबी अस्पताल के मुर्दाघर पहुंचाया, जहां उसका पोस्टमार्टम किया गया। पुलिस आरोपी की तलाश कर रही है।
पुलिस के अनुसार छोटी ऊंदरी निवासी चमन गमेती का उसकी पत्नी से दो दिन पूर्व झगड़ा हो गया था। इसके बाद उसकी पत्नी छह वर्षीय बेटे प्रकाश को ससुराल में छोड़कर पीहर चली गई। पत्नी को लेने के लिए चमन उसके ससुराल गया, लेकिन उसकी पत्नी ने उसके साथ जाने से इनकार कर दिया। इस दौरान चमन को ससुराल वालों ने भी भला-बुरा कहा। ससुराल से लौटकर जब चमन उसके गांव छोटी ऊंदरी पहुंचा, जहां उसने अत्यधिक शराब पी। शराब के नशे में वह तलवार लेकर घर पहुंचा, जहां उसका बेटा प्रकाश उसके भाई हूरमा के साथ सो रहा था। चमन के हाथ में तलवार देखकर हूरमा वहां से भाग गया। चमन ने शराब के नशे में तलवार से वार करके बेटे प्रकाश की नृशंस हत्या कर दी।
वारदात के बाद चमन वहां से भाग गया। आज सुबह पुलिस को सूचना मिलने पर डिप्टी दिव्या मित्तल, नाई थानाधिकारी मौके पर पहुंचे, जहां से प्रकाश के शव को एमबी अस्पताल के मुर्दाघर में पहुंचाया। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया। इधर, पुलिस ने हूरमा की रिपोर्ट पर प्रकरण दर्ज कर फरार आरोपी चमन गमेती की तलाश शुरू कर दी है।
दिनेश एम एन हुए जमानत पर रिहा ।
उदयपुर। सोहराबुद्दीन एनकांउटर मामले मे सात साल से जेल मे बन्द उदयपुर के पूर्व एसपी दिनेश एम एन मंगलवार शाम सात बजे मुंबई की तळोदा जेल से जमानत पर रिहा हो गये।
२८ अप्रेल को दिनेश एम इन सहित अभय चुडासमा और एम एल परमार को मुंबई हाईकोर्ट से जमानत मिल गयी थी लेकिन सीबीआइ इनकी जमानत पर स्टे ले आइ थी। जिसके हटाने पर गुजरात के पुलिस अधिकारी अभय चुडासमा सोमवार को जेल से रिहा हो गये थे व मंगलवार शाम को दिनेश एम एन रिहा हुए।
उल्लेखनीय है सोहराबुद्दीन शेख का २००५ में अहमदाबाद क्षेत्र में फर्जी एनकाउंटर किया गया था। उसके साथ उसकी पत्नी कौसर बी भी थी, जिसकी भी हत्या कर दी गई। सोहराबुद्दीन, कौसर बी और तुलसी प्रजापति को पुलिस ने सांगली स्टेशन से गिरफ्तार किया था,
तब य लोग वीडिया कोच में सवार थे। बाद में तीनों को गुजरात पुलिस के हवाले कर दिया गया। गुजरात पुलिस ने उदयपुर पुलिस को सूचना दी। सोहराब और तुलसी यहां पर हमीद लाला केस में वांटेड थे। बाद में एक फर्जी कहानी रचकर सोहराब का अहमदाबाद में एनकाउंटर कर दिया गया। इसी दौरान कौसर बी की भी नृशंस हत्या कर दी गई। इस फर्जी एनकाउंटर के बाद तुलसी को भीलवाड़ा से गिरफ्तार करने की झूठी कहानी बनाई गई। तुलसी की गिरफ्तारी के एक साल बाद उसकी भी फर्जी मुठभेड़ में गुजरात के साबरकांठा में हत्या कर दी गई।
इस मामले मे में कुल 23 आरोपी है जिनमें से 17 को जमानत मिल चुकी है।
बचे हुए पुलिस अधिकारियों मे दी ज़ी वंजारा ( आई पी एस ), एन एच डाभी एवं उदयपुर के से आइ अब्दुल रहमान व उनकी टीम के सदस्य सब इंस्पेक्टर श्यामसिंह और हिमांशुसिंह मुंबई की जेल में अभी भी बंद है। एमएन की जमानत होने के बाद अब इनको भी जमानत का रास्ता साफ होता दिखाई पड़ रहा है।
भटवाड़ा से पैदा हुआ बाबामगरा को खतरा
जयसमंद के टापुओं पर होटल वॉर शुरू

उदयपुर। विश्व प्रसिद्ध जयसमंद झील के बीच एक नये आइलैंड रिसोर्ट के निर्माण की योजना ने बाबामगरा टापू पर निर्मित जयसमंद आइलैंड रिसोर्ट के मालिकों की नींद उड़ा दी है। ये लोग पिछले दो दिन से अपने से जुड़े समाचार पत्र क्रराजस्थान पत्रिकाञ्ज में प्रमुखता से बड़े-बड़े समाचार प्रकाशित करके यह साबित करने की कोशिश कर रहे हैं कि जयसमंद में भटवाड़ा टापू पर एक आदिवासी की जमीन का कथित रूप से अवैध बेचान हो गया है। कोशिश यह है कि प्रशासन को दबाव में लाकर नये आइलैंड रिसोर्ट के निर्माण में अडंगा लगाया जा सके ताकि उनके रिसोर्ट का कोई प्रतिद्वंद्वी पैदा न हो जाए।
उल्लेखनीय है कि नब्बे के दशक में सत्ता परस्त पूंजीपतियों ने उस समय देश का सबसे बड़ा सौदा करते हुए जयसमंद के बीच ऐतिहासिक टापू बाबामगरा की अरबों रुपयों की 125 बीघा राजस्व भूमि कौडिय़ों में खरीद ली थी। इस पर सवाल उठा कि व्यावसायिक उपयोग के लिए दी गई जमीन का अलग से टैक्स क्यों नहीं लिया गया? तो जयसमंद आइलैंड रिसोर्ट की निर्माता सिल्वर शेडो एक्सपोर्ट प्राइवेट लिमिटेड कंपनी को 25 लाख रुपए अलग से जमा कराना पड़ा। उस समय प्रदेश में भैरोसिंह शेखावत की सरकार थी। रिसोर्ट का उद्घाटन करने के लिए शेखावत आए, जिन्होंने उद्घाटन अवसर पर पर्यावरण संरक्षण के नाम पर राÓय सरकार की ओर से रिसोर्ट मालिकों को 25 लाख रुपए देने की घोषणा कर दी। बाद में यह रुपया उन्हें मिल भी गया। इस प्रकार जमा राजस्व लौटा दिया गया। इतना ही नहीं बाबा मगरा के जयसमंद आइलैंड रिसोर्ट को बिजली देने के लिए आठ किलोमीटर पानी में बिछाई गई बिजली लाइन का लाखों रुपए का खर्चा भी सरकार ने उठाया। बहाना यह बनाया गया कि बाबामगरा पर रहने वाली बस्ती में रोशनी पहुंचानी है। कुल मिलाकर इस आइलैंड रिसोर्ट में बड़े-बड़े नेताओं, अÈसरों और पूंजीपतियों की मिलीभगत की बातें भी सामने आई थी। सारे मामले का भंड़ाÈोड़ राष्ट्रीय साप्ताहिक क्रसंडेे मेलञ्ज में भी हुआ, लेकिन बाद में बात आई गई हो गई। जयसमंद आइलैंड रिसोर्ट चल निकला। उसके पास काÈी लंबा-चौड़ा कृत्रिम क्रक्रबीचञ्जञ्ज भी गैर कानूनी रूप से बना दिया गया। लेकिन अब बाबा मगरा के पास वाले टापू भटवाड़ा की योजना ने खलबली मचा दी है।
अब भटवाड़ा पर रहने वाले एकमात्र आदिवासी परिवार के मुखिया मोगा पुत्र कोदरा मीणा ने जयपुर के कीर्तिनगर निवासी दिग्विजयसिंह, इंद्रा राजपूत और सिविल लाइंस के अनुराग कुलवाल को अपनी जमीन का हस्तान्तरण करके सत्ता परस्त पूंजीपतियों के लिए मुसीबत खड़ी कर दी है। इसीलिए जयसमंद आइलैंड रिसोर्ट के कर्ता-धर्ता प्रताप भंडारी की रातों की नींद उड़ गई है।
पुराने ढांचे पर सवार अग्निशमन विभाग
ना कर्मचारी पूरे, ना ही संसाधन

भावेश जाट
उदयपुर। लेकसिटी में अग्निमशन विभाग अब भी पुराने ढांचे पर चल रहा है। इस विभाग में ना कर्मचारी पूरे हैं और ना ही किसी बड़ी आगजनी से निपटने के लिए संसाधन। 1997 के बाद से यह विभाग कर्मचारी भर्ती को लेकर तरस रहा है। विगत 17 वर्षों से शहर से इस विभाग में किसी तरह की भर्ती नहीं हुई है। कर्मचारियों के अभाव में जैसे-तैसे शहर की आगजनी की घटनाओं से Èायर ब्रिगेड कर्मचारी निपट तो रहे हैं, परन्तु यदि विभाग की मानें, तो उन्हें अब शहर में किसी भी प्रकार की आगजनी से निपटने के लिए संसाधन और सुविधाओं के साथ ही कर्मचारियों की जरूरत महसूस हो रही है। वर्तमान में यह विभाग अपने कर्मचारियों के साथ ही होमगार्ड्स की मदद से बड़ी आगजनी की घटनाओं पर काबू पाने में अपनी पूरी मेहनत झोंक रहा है।
परंतु प्रशासन एवं नगर निगम की उदासीनता के चलते इस महत्वपूर्ण विभाग पर कोई ध्यान नहीं दिया जा रहा है।
जरूरत से कम हैं Èायरमैन
अग्निशमन की कुल 12 गाडिय़ां है और एक रेस्क्यू गाड़ी है। इन पर तीन शिफ्टों में कर्मचारियों की आवश्यकता है। ऐसे में यदि एक गाड़ी पर तीन कर्मचारी मानें, तो तीन शिफ्टों में इस तरह करीब 100 Èायरमैन की आवश्यकता उदयपुर के Èायर बिग्रेड को है। वर्तमान में भर्ती के अभाव में यदि शहर में कोई बड़ी आगजनी हो जाती है, तो ऐसे में Èायर बिग्रेड कर्मचारियों को होम गार्डों को वस्तुस्थिति संभालने के लिए ले जाना पड़ता है। अभी Èायर ब्रिगेड विभाग में ऐसे करीब 30 प्रशिक्षित होम गार्ड्स कार्यरत है।
नहीं है Èायर स्टेशन
नगर निगम बनने के बावजूद भी शहर का Èायर ब्रिगेड भी अब भी पुराने ढांचे पर ही चल रहा है। इस विभाग में जहां कर्मचारियों की तो कमी है ही। इसके साथ ही शहर में ऐसा कोई निश्चित Èायर स्टेशन भी अब तक मौजूद नहीं है। ऐसे में शहर के अंदरूनी क्षेत्रों मेें जब भी आग की बड़ी घटना होती है, तो ऐसे में Èायर बिग्रेड समय पर नहीं पहुंच पाती, जिसका खामियाजा शहरवासियों को भुगतना पड़ रहा है। शहर के विस्तार के साथ ही अब शहर में एक ऐसे Èायर स्टेशन की आवश्यकता भी महसूस की जा रही है जहां से अग्निमशन गाडिय़ां जल्द ही शहर के अंदरूनी क्षेत्रों में आग बुझाने के लिए पहुंच सके।
दो स्नॉर्कल लेडर आएगी

अग्निशमन विभाग आने वाले दिनों में दो स्नॉर्कल लेडर उपलब्ध करवाई जाएगी। इनमें एक स्नार्कल लेडर, जिसकी क्षमता 45 मीटर की ऊंचाई तक लगी आग को बुझाने में सक्षम है। इस गाड़ी के साथ दो पानी की गाडिय़ां भी साथ रहेगी, जिनके परिवहन की क्षमता 20 से 25 हजार लीटर होगी। वहीं शहर की ढलान एवं तंग गलियों में आग बुझाने के लिए जीप के आकार की गाडिय़ां भी दमकल विभाग को आने वाले दिनों में उपलब्ध कराई जाएगी।
॥निगम की ओर हमने कर्मचारियों के लिए राजस्थान सरकार को प्रस्ताव भेजा जा चुका है। विशेष परिस्थितियों में होमगार्डो का सहयोग लिया जा रहा है। -हिम्मतसिंह बारहठ, आयुक्त नगर निगम
उमस, लू और तेज धूप से सभी आहत
उदयपुर। झीलों की नगरी लेकसिटी में मौसम दिनों-दिन रंग बदल रहा है। कभी तेज धूप, तो कभी हलकी बारिश और कभी बादलों की वजह से उमस। आज सुबह से बादलों की वजह से उमस रही, तो दिन में तेज धूप से लोग परेशान रहे। मौसम के बदलते मिजाज ने बीमारियों का खतरा भी बढ़ा दिया है। कल भी दिनभर तेज धूप एवं गर्मी से शहरवासी परेशान दिखाई दिए, वहीं शाम होते ही हुई हल्की बारिश से लोगों को राहत मिली। करीब 10 मिनट तक हुई हल्की बौछारों ने लेकसिटी के तापमान में ठंडक घोल दी।
उदयपुर में पिछले कई दिनों से गर्मी अपने पूरे तेवर दिखा रही है। हालांकि पिछले दिनों की अपेक्षा तापमान में गिरावट के साथ तापमान &9 डिग्री के करीब दर्ज किया गया था, परन्तु रविवार के दिन तेज धूप रही। इस कारण दोपहर में लोगों का घर से निकलना दूभर हो गया था। तेज गर्मी के कारण शहरवासी बेहाल नजर आए। वहीं शाम करीब छह बजकर 45 मिनट पर मौसम में बदलाव आ गया और हल्की बूंदाबांदी के साथ मौसम में हल्की ठंडी हवाएं चलने लगी। इसके बाद करीब सात बजे हल्की बारिश का दौर शुरू हुआ। करीब 10 मिनट की बारिश से शहर के तापमान में ठंडक घोल दी।
ऐसे में डॉक्टरों का कहना है कि मौसम का ऐसा मिजाज सेहत के लिए खतरनाक है। ऐसे मौसम में संक्रमण का खतरा दस गुणा तक बढ़ जाता है।
एमबी हॉस्पीटल के मेडिसिन विभाग के डॉ. पुनीत सक्सेना का कहना है कि एक बार तापमान बढ़ जाए, Èिर उसमें अचानक कमी आ जाए, तो वायरल बुखार की आशंका काÈी बढ़ जाती है। ऐसे में लोगों को खान-पान में खास ध्यान रखना चाहिए। इसके साथ ही धूप से बचाव करना चाहिए। मौसम विभाग के अनुसार आने वाले दिनों में तापमान के साथ उमस भी बढ़ेगी।




