आयड़ और गुमानिया नाले की सफाई पर खर्च होंगे 52 लाख

उदयपुर. आयड़ नदी की सफाई पर नगर निगम ने 52 लाख रुपए खर्च का एस्टिमेट तैयार किया है। इसमें गुमानिया नाले की सफाई भी शामिल है। फाइल मंजूरी के लिए निगम आयुक्त को भेजी गई है। स्वास्थ्य समिति अध्यक्ष पारस सिंघवी ने बताया कि मंजूरी मिलते ही टेंडर प्रक्रिया शुरू कर देंगे।निगम आयड़ नदी व गुमानिया नाले से झाडिय़ां कटवाने, मलबा हटवाने के साथ नदी किनारे पेटे में कच्ची नाली बनाकर पानी के लिए रास्ता भी बनाएगा ताकि गंदा पानी एक जगह भरा न रहे।
इधर यूआईटी ने नदी के दोनों किनारे चिह्नित सरकारी जमीन के डिमार्केशन के लिए नौ लाख का एस्टिमेट तैयार कर टेंडर प्रक्रिया पूरी कर ली है। प्रशासन कुछ जगह प्राइवेट जमीन अवाप्त भी करेगा। गौरतलब है कि आयड़ नदी के विकास के लिए प्रशासन ने 180 करोड़ का प्रोजेक्ट मंजूर किया है। इसे मंजूरी के लिए केंद्र सरकार के पास भी भेजा जाएगा। इसमें वे काम पहले होंगे, जो निगम व यूआईटी स्तर पर हो सकते हैं।
सात भागों में बांट कर होगी सफाई
कॉम्पलेक्स से पुलां पुलिया, पुलां से सीपीएस पुलिया, सीपीएस से आयड़ पुलिया तथा आयड़ पुलिया से सेवाश्रम पुलिया तक आयड़ नदी के साढ़े सात किमी एरिया व गुमानिया नाले को शामिल करते हुए काम को सात भागों में बांट कर टेंडर करेगा।गुमानिया नाले में पड़ी गंदगी,कचरा। इसकी सफाई का काम नगर निगम जल्द शुरू करने वाला है। इसके साथ ही आयड़ नदी की सफाई भी होगी।

मौत का घर है ये मंदिर यहां जो रुका जिंदगी से गया

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udaipur जयपुर। राजस्थान में कई ऐसे मंदिर हैं जिनकी खूबसूरती और रहस्य आज भी लोगों को अपनी ओर खींचते हैं। वहां के सौंदर्य को तो हम अपनी आंखों से देख लेते हैं, लेकिन इन मंदिरों में छिपे उन रहस्यों को नहीं जान पाते जो हमेशा से ही एक राज बना हुआ है। इन मंदिरों का रहस्य-रोमांच हमेशा से ही लोगों के लिए कौतुहल का विषय रहा है, लेकिन यहां की शिल्प व स्थापत्य कला भी कम रोचक नहीं।

बाड़मेर जिले के किराडू में एक ऐसा ही मंदिर है जिसकी हकीकत इसके इतिहास में छिपी हुई है। कोई कहता है कि मुगलों के कई आक्रमण झेलने की वजह से आज यह जगह बदहाल है। तो कोई कहता है कि साधु के श्राप के चलते ये बुरा हाल है। वजह कुछ भी हो लेकिन हकीकत यही है कि ये मंदिर पहले जहां लोगों से गुलजार रहा करता था आज वीरान है।

स्थानीय लोगों की माने तो एक साधू के श्रॉप ने के चलते कभी परमार राजओं की बसाई हुई ये खूबसूरत नगरी पल भर में पत्थरों में बदल गई। ऐसा कहा जाता है कि यहां रात में कोई भी नहीं रुक सकता जिसने यहां रुकने की हिमाकत दिखाई वह पत्थर हो जाता है।

हॉलीवुड फिल्म मेरी गोल्ड की मावली में शूटिंग शुरू, रिचर्ड गेयर आए

उदयपुर. खेमपुर रावला रिसोर्ट में हॉलीवुड मूवी ‘मेरी गोल्ड’ के सीक्वल की शूटिंग गुरुवार को शुरू हुई। शूटिंग 7 मार्च तक चलेगी। हॉलीवुड की फेमस एक्ट्रेस जूडी डेंस, रिचर्ड गेयर, टॉम विल्किंसन और देव पटेल फिल्म की शूटिंग के लिए यहां आए हैं। रिचर्ड गेयर सहित अन्य एक्ट्रेस पर दृश्य फिल्माए। शूटिंग को लेकर खेमपुर रावला होटल के बाहर ग्रामीणों की भीड़ रही। यह पहले बनी फिल्म मेरी गोल्ड की सीक्वल मूवी है। उल्लेखनीय है कि पहली मेरी गोल्ड की शूटिंग भी उदयपुर में हो चुकी है। पहले वाली मूवी में बाजार का दृश्य खेमपुर रावला के बाहर ही फिल्माया गया था। उदयपुर में होटल लीला में इस फिल्म की शूटिंग हुई थी। शिल्पा के साथ चर्चा में रहे रिचर्ड गेयर
बिग ब्रदर जीतने के बाद चर्चा में आई शिल्पा शेट्टी और अमेरिकन एक्टर रिचर्ड गेयर भारत में एड्स जागरूरकता के एक कार्यक्रम में मिले थे। इस कार्यक्रम में एक विवादित सीन के बाद रिचर्ड गियर भारत में चर्चा में रहे थे।

धुआं छोडऩे वाले टेम्पो बंद हों, सीएनजी से चलें वाहन

उदयपुर. शहर को लो कार्बन सिटी बनाने के लिए प्रशासन को अगले कुछ महीनों में बड़े फैसले लेने होंगे। मसलन ज्यादा धुआं छोडऩे वाले वाहनों को बंद करवाना, सीएनजी से वाहनों का संचालन, पाब्लिक ट्रांसपोर्ट को दुरुस्त कर सिटी बसों का संचालन करना होगा ताकि शहर में कार्बन उत्सर्जन कम से कम हो। लो कार्बन मोबिलिटी प्लान लागू करने के लिए ये सभी मानक भारत-4 (यूरो-4) में शामिल हैं। कनाडा तथा भारत सरकार के साझे में देश के तीन शहरों में कार्बन स्तर की मॉडल स्टडी कर रही संस्था यूएमटीसीएल (अरबन मास ट्रांजिट कंपनी लिमिटेड) के स्थानीय संयोजक रंजन दत्ता ने स्टडी ड्राफ्ट गुरुवार को कलेक्ट्री सभागार में मेयर रजनी डांगी, यूआईटी सचिव डॉ. आर.पी. शर्मा व निगम आयुक्त हिम्मत सिंह, सीनियर टाउन प्लानर सतीश श्रीमाली, एनएलसीपी टीम लीडर बी.एल. कोठारी को सौंपा।
15 दिनों में देने है सुझाव : संबंधित विभाग के अफसरों को इस ड्राफ्ट का अध्ययन कर 15 दिन में सुझाव देने का अनुरोध किया। एक माह बाद फाइनल रिपोर्ट तैयार कर दी जाएगी। इस दौरान यूआईटी के अधिशासी अभियंता संजीव शर्मा, ट्रैफिक डीएसपी राजेंद्र त्रिपाठी, रेलवे तथा एयरपोर्ट ऑथोरिटी के अधिकारी भी बैठक में उपस्थित थे।
चार दिवारी में साइकिल और बैट्री वाले वाहन चलें : चार दिवारी में लोगों को पैदल या साइकिल पर चलने की आदत डालनी चाहिए। परिवहन के लिए बैट्री वाले दो व तीन पहिया वाहन चलाने की जरूरत है।
प्रदूषण कम करने के लिए अधिकारियों ने भी दिए कई सुझाव, पुराने वाहन बंद कर सीएनजी वाले चलाए जाएं
प्रदूषण नियंत्रण मंडल के क्षेत्रीय अधिकारी जगदीश सिंह ने बताया कि सरकार व प्रशासन को सीएनजी से वाहन चलाने की सख्ती करनी होगी। मेट्रो शहरों की तरह पुराने टेम्पो, बसें तथा जीप-कारों का संचालन बंद करना होगा। सिंह ने 90 डेसिबल से अधिक आवाज करने वाले वाहनों को भी बंद करने की जरूरत बताई। उन्होंने बताया कि सात-आठ वर्ष पुराने वाहनों को मोडिफाई करके सीएनजी से संचालन योग्य बनाया जा सकता है।
उपनगरीय क्षेत्रों में चला सकते हैं टायर्ड ट्राम
यूआईटी सचिव डॉ. आर.पी. शर्मा ने स्ट्रांसबर्ग में पब्लिक ट्रांसपोर्ट के रूप में चलने वाली टायर्ड ट्राम को उदयपुर की भौगोलिक संरचना के आधार पर बेहतरीन विकल्प बताया। शर्मा के मुताबिक टायर्ड ट्राम बिजली से चलती है, जिससे प्रदूषण नहीं होता। इसे पब्लिक रोड्स पर पांच मीटर के पाथ पर चलाया जा सकता है। इसमें छह कोच होते हैं और प्रत्येक में 25 यात्री बैठ सकते हैं।
भीड़ वाले मार्गों पर टेम्पो परमिट देना बंद करें
मेयर रजनी डांगी ने जिला परिवहन अधिकारी से अनुरोध किया कि वे भीड़ वाले व्यस्त मार्गों पर टेम्पो के परमिट देना बंद करके उन मार्गों के परमिट दें जहां परिवहन के साधनों की कमी है। मसलन ज्यादातर परमिट देहलीगेट, हाथीपोल, सूरजपोल व उदियोपाल के बीच है। सवीना, सेक्टर 14, बडग़ांव मार्ग पर सबसे ज्यादा परमिट है। हकीकत यह है कि 10 साल में बसी नई कॉलोनियों से शहर आने-जाने के लिए ऑटो या टेम्पो नहीं मिलते।
ठोकर चौराहे पर अंडर या ओवरब्रिज बने
ठोकर रेलवे क्रॉसिंग पर ट्रेनों के आने-जाने के समय वाहनों का जमावड़ा लगने से वाहनों की कतारें लगती हैं। वाहनों के इंजन चालू रहने से धुआं व कार्बन का उत्सर्जन होता है। यूआईटी के एसई अनिल नेपालिया ने कहा कि अंडर ब्रिज बनाने की मंजूरी के लिए वे रेल प्रबंधन को कई पत्र लिख चुके हैं।
अलवर की तरह लो कार्बन वैन शुरू करें
यूएमटीसीएल के रंजन दत्ता ने प्रस्तुत किया। उन्होंने लाइव प्रोजेक्टर रिपोर्ट के जरिए बताया कि उदयपुर के मौजूदा कलेक्टर आशुतोष पेडणेकर ने अलवर में इसी पद पर कार्य करते हुए प्रदूषण फैलाने वाले 750 टेम्पो बंद करा कर न्यूनतम कार्बन उत्सर्जन करने वाली वैन चलवा दी थीं।
कैसे होगा अमल
1 प्रशासनिक अधिकारियों से मिलने वाले प्रस्तावित सुझावों को रिपोर्ट में शामिल किया जाएगा। इसके बाद फाइनल रिपोर्ट बनेगी।
2 रिपोर्ट के आधार पर केंद्र सरकार की योजनाओं के तहत सिटी बसों का संचालन उदयपुर में किया जा सकता है। वाहनों को बदलने के लिए भी केंद्र सरकार से राशि मिल सकती है।
3 दो प्रमुख प्रोजेक्ट के लिए कनाडा से भी बड़ी रकम मिल सकती है। इससे परिवहन सुविधाओं को और बेहतर बनाया जा सकेगा।

शराब की दुकानों के लिए अब तक 8768 आवेदन जमा हुए, कल है अंतिम दिन

उदयपुर. आबकारी बंदोबस्त 2014-15 के लिए जिले में देसी और अंग्रेजी शराब की दुकानों के लिए आवेदन की अंतिम तिथि एक दिन बढ़ाकर 15 फरवरी कर दी गई है। इससे पहले गुरुवार को आबकारी विभाग परिसर में आवेदन जमा कराने वालों की दिनभर भीड़ लगी रही। दफ्तर में सुबह कम आवेदक थे, लेकिन दोपहर बाद कतारें बढ़ती गई। देर शाम तक भीड़ लगी रही। विभाग के बाहर भी वाहनों का जमावड़ा लगा रहा। खेरवाड़ा, सलूंबर, मावली, गोगुंदा, गिर्वा और उदयपुर पूर्व तथा पश्चिम के अलग-अलग आवेदन जमा हुए। जिला आबकारी अधिकारी संतोष कुमार शर्मा ने बताया कि जिले में 48 अंग्रेजी दुकानों के लिए 3656 और 278 देशी समूह के लिए 5112 आवेदन आ चुके हैं। आवेदन 15 फरवरी को शाम 6 बजे तक जमा होंगे। बताया गया कि लॉटरी प्रक्रिया 20 फरवरी को सुबह 11 बजे सुखाडिय़ा रंगमंच टाउन हॉल में होगी। जरूरत रही तो अगले दिन भी प्रक्रिया जारी रहेगी। प्रक्रिया में भाग लेने के लिए (आवेदन पत्र आवेदन पत्र का भाग-तृतीय) की रसीद साथ लानी होगी।उदयपुर. आबकारी विभाग में आवेदन के लिए लगी कतार।

रिटायर होने के बाद भी अफसर नहीं छोड़ रहे सरकारी बंगले, 36 कर रहे इंतजार

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udaipur जयपुर. रिटायर हो चुके अफसरों, चुनाव हारे नेताओं और वीवीआईपी लोगों ने सरकारी आवास खाली नहीं किए हैं। वहीं, राज्य सरकार में दिल्ली से कई अफसर आ चुके हैं। अफसरों से मिली एक जानकारी के अनुसार इस समय 36 अफसर ऐसे हैं, जिन्हें सरकारी आवास नहीं मिल पाया है। वहीं कुछ को आवास तो आवंटित हो गया है लेकिन उन मकानों में रिटायर हो चुके अफसर अभी तक जमे हुए हैं। हालांकि रिटायर्ड अफसरों और पूर्व मंत्रियों को एक महीने में मकान खाली करना होता है। सामान्य प्रशासन विभाग का कहना है कि कई आदेश के बाद भी ये लोग सरकारी आवास खाली नहीं कर रहे हैं। लिहाजा अब इन सबको सुप्रीम कोर्ट के एक फैसले के आधार पर चेतावनी दी गई है कि अब सरकारी आवास नहीं छोड़ा तो बाजार दर से किराया देना होगा। सुप्रीम कोर्ट का आदेश है कि ऐसे लोग बाजार दर से किराया नहीं चुकाएं तो यह पैसा पेंशन से काटा जाए।

जज से बोले आसाराम: साहब यहां आते-आते थक गया हूं, ये मेरा अंतिम प्रणाम

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udaipur जोधपुर नाबालिग छात्रा के यौन शोषण मामले में आसाराम सहआरोपी शिवा व शिल्पी की जमानत के बाद गुरुवार को जिला न्यायालय में पेश हुए। कोर्ट में उन्होंने अपने इलाज को लेकर असंतोष जताया। आरोप सुनाते समय उनके पिता का नाम पूछा गया तो आसाराम ने कहा कि वे अब नहीं हैं। अपनी उम्र भी नहीं बताई। आसाराम कोर्ट पहुंचते ही जज से बोले कि साहब मेरा यह अंतिम प्रणाम हो सकता है। मैं अब यहां आते-आते थक गया हूं।’
मामले में आरोपी आसाराम, शरदचंद्र, शिवा, शिल्पी व प्रकाश को सेशन न्यायाधीश (जोधपुर जिला) मनोजकुमार व्यास ने गुरुवार को आरोप सुनाए। पांचों आरोपियों ने इन आरोपों को सिरे से नकारते हुए ट्रायल की मांग की है। गुरुवार दोपहर न्यायालय में आसाराम सहित तीन आरोपियों को जेल से पेश किया गया, जबकि शिवा व शिल्पी, जो बुधवार रात जमानत पर जेल से निकले थे, अपने अधिवक्ताओं के साथ न्यायालय पहुंचे।
इस दौरान शिवा व शिल्पी की पैरवी कर रहे वरिष्ठ अधिवक्ता महेश बोड़ा ने चार्जशीट में बताई गई कॉल डिटेल का विवरण मांगा। इसी तरह से आसाराम सहित अन्य की पैरवी कर रहे प्रदीप चौधरी ने कॉल डिटेल के साथ दिल्ली के कमला बाजार थाने में दर्ज पीडि़ता के सबसे पहले बयान की सीडी उपलब्ध करवाने के लिए प्रार्थना पत्र पेश किया। इन प्रार्थना पत्रों के अलावा जेल से ही सुनवाई के लिए दायर प्रार्थना पत्र पर सुनवाई के लिए न्यायालय ने 17 फरवरी का दिन तय किया है।

रेलवे स्टेशनों पर सुरक्षा में कोताही से अनहोनी की आशंका

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भावेश जाट/ मनीष पंचाल
उदयपुर। देश में किसी रेलवे स्टेशन या फिर किसी रेल में ब्लास्ट होता है, तो उदयपुर के रेलवे स्टेशनों पर कुछ दिनों के लिए सुरक्षा बढ़ा दी जाती है, अन्यथा सब कुछ राम भरोसे रहता है। क्र मददगार ञ्ज ने गुरुवार दोपहर तीन से चार बजे तक रेलवे स्टेशन की टोह ली, तो जो सच सामने आया, वो होश उड़ाने वाला था।
रेल्वे स्टेशन पर नहीं है कोई सुरक्षा
मददगार रिपोर्टर ने जब स्टेशन पर रियल्टी को चेक किया तो रेलवे की पोल खुल गई। एक व्यक्ति रेलवे स्टेशन पर बिना प्लेटफॉर्म टिकट लिए आराम से घूमता रहा, मगर जीआरपी, आरपीएफ या रेलवे के किसी ऑफिसर ने उससे किसी भी प्रकार की कोई पूछताछ नहीं की। यहां तक कि मुख्यद्वार का मेटल डिटेक्टर भी बंद मिला।
पूछताछ विंडो
इस विंडो पर हर वक्त किसी कर्मचारी की मौजूदगी जरुरी है लेकिन वहां कोई नही था। केवल एक ही विंडो पर रेलवे का कर्मचारी बैठा मिला बाकी सारे खाली पड़े हुए थे।
प्लेटफार्म न.१
यहां स्थित रेलवे सुरक्षा बल का यात्री सहायता बूथ भी हमेशा खाली ही पड़ा मिलता है। वहां कोई सुरक्षाकर्मी या रेलवे कर्मचारी नहीं मिलता। प्लेटफार्म न. २ पर भी यही हालात बने हुए है। शाम क ो आने वाली मेवाड़ एक्सपे्रस में रिपोर्टर बिना टिकट अन्दर गया, फिर भी उसे किसी ने नहीं रोका।
प्रतापनगर रेलवे स्टेशन
शहर के प्रताप नगर रेलवे स्टेशन पर भी सुरक्षा के कोई इन्तजामात नही दिखे। वहां पर कोई भी यात्री किसी भी प्रकार की कोई भी वस्तु लेकर बिना प्लेटफॉर्म टिकट के आ जा सकता है। जिससे प्लेटफॉर्म पर कभी भी कोई भी बड़ा हादसा होने की आशंका है। स्टेशन पर न तो कोई सीआरपीएफ का पुलिसकर्मी नजर आया नहीं कोई दूसरा पुलिसकर्मी जबकि रेलवे की ओर से स्टेशन के अंदर ही चौकी भी बनी हुई है।
रेलवे एक्ट के तहत होती है कार्रवाई
रेलवे एडमिनिस्ट्रेशन की मानें तो पैसेंजर्स से हमेशा अपील की जाती है कि वह ट्रेन में ज्वलनशील पदार्थ जैसे- गैस सिलेंडर, पटाखा, केरोसिन, स्टोव आदि लेकर यात्रा न करें. इसके लिए न्यूजपेपर्स, रेडियो और स्टेशन परिसर में भी प्रॉपर एनाउंसमेंट कराया जाता है। इसके अलावा स्टेशन परिसर में ज्वलनशील पदार्थ यूज करने की इजाजत भी नहीं है। अगर कोई ऐसा करते पकड़ा जाता है , तो रेलवे एक्ट के तहत उस शख्स के खिलाफ कार्रवाई की जाती है। क्रमददगारञ्ज रिपोर्टर के इस रियल्टी चेक में ये बात तो साफ हो गई कि सिटी रेल्वे स्टेशन पर भारी असुरक्षा है। न तो जीआरपी को सिक्योरिटी की चिंता है, न आरपीएफ को। गौरतलब है कि हाल ही में मुंबई-देहरादून एक्सप्रेस में हुए हादसे से सबक लेते हुए रेलवे एडमिनिस्ट्रेशन ने निर्णय लिया था कि जंक्शन और ट्रेन में विस्फोटक पदार्थों को लेकर शेष चेकिंग की जाएगी। लेकिन ऐसा कुछ होता नहीं दिखा।
: यात्री सहायता बूथ पर पुलिसकर्मी की कमी के कारण उपस्थित नहीं रह पाते है एवं जो बिना प्लेटफार्म टिकट के बिना अन्दर जाता है उससे २५० रूपये चार्ज किया जाता है। अगर ऐसा नहीं हो रहा है तो दुबारा निर्देश दिए जाएंगे और टी.टी के द्वारा सख्त चैकिंग करवाई जाएगी। – हरफूल सिंह चौधरी, क्षेत्रीय रेल अधिकारी।

कुल्हाड़ी से युवक की हत्या

उदयपुर। ऋषभदेव थाना क्षेत्र में रंजिश के चलते एक युवक की पीट-पीटकर हत्या कर दी गई। गांव की एक युवती को भगा ले जाने के मामले को लेकर दोनों ही पक्षों में रंजिश चल रही थी। पुलिस ने शव को उदयपुर के एमबी अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया है। पुलिस के अनुसार बिलख निवासी रमेश (30) पुत्र मेघा मीणा के ससुराल पक्ष का एक युवक बिलख गांव की एक युवती को भगा कर ले गया। इसी बात को लेकर दोनों ही पक्षों के बीच विवाद चल रहा था। विवाद के चलते आठ फरवरी की रात को रमेश उसके पिता के घर से उसके घर जा रहा था।
उसी दौरान रास्ते में आरोपी दिलीप पुत्र दीता मीणा, प्रकाश पुत्र नाना मीणा, हुरमा पुत्र लाला मीणा, राकेश पुत्र हुरमा मीणा, शंकर पुत्र सेवा मीणा ने पुरानी रंजिश के चलते रमेश को रास्ते में रोक कर उस पर कुल्हाड़ी से हमला कर दिया। हमले में रमेश गंभीर रुप से घायल हो गया। घायल रमेश को उसके परिजनों ने उदयपुर के एमबी अस्पताल में भर्ती कराया। जहां गुरुवार शाम को उसकी मौत हो गई।
उधर गांव में रमेश की मौत की सूचना मिलते ही सभी आरोपी वहां से फरार हो गए। पुलिस ने शव को उदयपुर के एमबी अस्पताल की मोर्चरी में रखवाया। वहीं गांव में मृतक के परिजनों ने आरोपी परिवार से मौताणे की मांग कर दी।

भीगा-भीगा वैलेंटाइन

उदयपुर। राजधानी दिल्ली और एनसीआर में बृहस्पतिवार शाम से हो रही तेज बारिश से मौसम का मिजाज पूरी तरह से बदल गया है। इससे राजस्थान के कई हिस्से भी प्रभावित हुए है। बारिश का सिलसिला वैलेंटाइन-डे के दिन भी जारी है। मौसम विभाग से मिली जानकारी के अनुसार शुक्रवार को न्यूनतम तापमान 10 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया, जो सामान्य तापमान से दो डिग्री सेल्सियस कम है। शनिवार और रविवार को भी तापमान में बदलाव होने की संभावना है। मौसम विज्ञानियों के अनुसार पश्चिमी विक्षोभ के कारण बंगाल की खाड़ी से उठने वाली हवाएं और हिमाचल पर जारी बर्फबारी का असर मैदानी इलाकों में हल्की बारिश के रूप में नजर आ रहा है। रविवार को हालांकि अधिकतम तापमान में एक डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी होगी, रविवार के दिन अधिकतम तापमाम 21 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान आठ डिग्री सेल्सियस दर्ज किया जाएगा। कुल मिलाकर फिलहाल मौसम में ठंड का असर बना रहेगा। ये पंक्ति यां लिखे जाने तक उदयपुर के कुछ हिस्सों में बूंदाबांदी शुरू हो गई थी।
वेलेन्टाइन-डे : निजी विरोध, सरकारी बचाव
>> नगर में बजरंग सेना और टाईगर फोर्स के कार्यकर्ता सुबह से ही वेलेन्टाईन डे के विरोध में सड़कों पर निकल पड़े।
>> इन लोगों ने कार्डों की होली जलाई और गिफ्ट विके्रताओं की दूकाने बंद करवाई।
>>फतहसागर के दोनों ही छोर पर प्रेमी जोडों की सुरक्षा के लिए जाब्ते तैनात किए गए।
>>राजीव गांधी उद्यान के बाहर भी सुरक्षा के लिए पुलिस का भारी जाब्ता मौजूद रहा। इस सुरक्ष्सा से कई जगह प्रेमी जोड़े प्यार का इजहार करते भी दिखाई पड़े।