बांसवाड़ा अंजुमन इस्लामिया के सदर अबुलाला की गोली मारकर हत्या

sadar-banswaraउदयपुर। अंजुमन इस्लामिया के सदर हुसैन खां उर्फ अबुलाला को सोमवार रात्रि में गोली मारकर हत्या कर दी। आशंका जताई जारही है की सदर की ह्त्या पुरानी रंजिश के चलते हुई है । गोली मारने के बाद नकाबपोश हमलावर गुजारत की तरफ भाग निकले पुलिस ने देर तक पीछा किया लेकिन अँधेरे और तेज रफ़्तार बाइक का फायदा उठाते हुए हमलावर बच निकले । पुलिस ने एक जाने को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया है । तथा ह्त्या में लिप्त लोगों और उसके कारणों की जाँच की जारही है ।
जानकारी के अनुसार सोमवार रात 8.30 बजे बांसवाड़ा अंजुमन के सदर अबु लाला की राज तालाब इलाके में दो बाइक सवार अज्ञात नकाबपोश ने दो नाली बन्दुक से ह्त्या कर दी, उस वक़्त अबुलाला अपने साथियों के साथ बैठे हुए थे। हत्यारे फायर कर बाइक पर सवार होकर भाग गए। सदर अबुलाला की हालत गंभीर देख चिकित्सकों ने उन्हें कल ही उदयपुर रेफर कर दिया था, 11.40 पर उदयपुर के अमेरिकन हॉस्पिटल में लाने पर चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया था। चिकित्सकों के अनुसार सदर की मौत रास्ते में ही हो गयी थी। मंगलवार सुबह महाराणा भूपाल चिकित्सालय में पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया जिसको लेकर 10.30 बजे बांसवाड़ा के लिए रवाना हो गये उधर बांसवाड़ा में इस घटना को लेकर काफी आक्रोश है। और कई आशंकाओं के व् विरोध के चलते बांसवाड़ा शहर के राज तालाब, पृथ्वी गंज, कस्टम चौराहे के बाज़ार आज भी बंद है। पुलिस बल भारी तादाद में शहर में तैनात है।
पुरानी रंजिश जिसमे कई हमले हुए :
अंजुमन सदर अबुलाला और सिराज की आपस में पुरानी रंजिश थी। जानकारी के अनुसार अबुलाला और सिराज पहले आपस में दोस्त थे और साथ में ही जमीनों का धंधा करते थे लेकिन कुछ सालों पहले किसी जमीन विवाद को लेकर दोनों की आपस में दुश्मनी होगयी। तब से दोनों गुटों का एक दूसरे पर हमले करना जारी है। कल हुए हमले के पहले बीते वर्ष २४ अपै्ल २०१३ को सदर के धोखे में उनके भाई सोहराब को गोली मार दी गई थी। इसके बाद 26 जुलाई २०१३ को सदर को नबीपुरा क्षेत्र में भी गोली मारी गई थी। तब किस्मत ने सदर और उनके भाई का खूब साथ दिया। यही कारण था कि जानलेवा हमला होने के बाद भी दोनों भाई बच गए थे। इससे पूर्व २७ नवम्बर्ट २०१२ को राजतालाब इलाके में सिराज गुट के पप्पन खां का अबुलाला गुट के लोगों ने हाथ काट दिया था । जिसमे अबुलाला के कई लोग गिरफ्तार हुए थे ।

धमकी दी थी जेल से छूटते ही मार दुगां :
जानकारी के अनुसार मुख्य आरोपी सिराज हफ्ते भर पहले ही जेल से छूट कर बाहर आया है, और उसने जेल जाते वक़्त धमकी दी थी की वह जब भी जेल से छूटेगा उसको मार देगा । कुछ माह पहले अबू लाला को जानकारी मिली थीकि कुछ लोग उनको गोली मारने के लिए बांसवाड़ा में आए हैं। ऐसे में उनको एक होटल से पकड़ कर कोतवाली पुलिस के हवाले कर दिया गया था। इसमें एक शॉर्प शूटर था। पुलिस ने जब गहरी पूछताछ की तो पता चला था कि उसे सुपारी देकर भेजा गया था। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से पकड़ी गई कार से हथियार भी बरामद किए थे।

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