ठग्स ऑफ हिन्दोस्तान – उन ठगों की कहानी जिन्होंने अपने ढंग से लड़ी अग्रेजों से जंग और हज़ारों अंग्रेजों को उतारा था मौत के घाट – इदरीस खत्री

आमिरखान खान की आने वाली बहुचर्चित फिल्म  ठग्स ऑफ़ हिन्दुस्तान के लिए फिल्म समीक्षक इदरिस खत्री का पूर्वाकलन उन्ही की कलम से :

दोस्तो आमिर खान की फ़िल्म हो और चर्चा न हो और यहां तो आमिर मिस्टर परफेक्शनिस्ट के साथ महानायक अमिताभ बच्चन जी भी है . तो दोस्तो ने फोन पर कहा कुछ इस पर भी लिखा जाए और  दोस्तो के इसरार पर मना नहीं कर पाया.

तो आइये हम बात करते है फिल्म ठग्स ऑफ़ हिन्दोस्तान पर बात करते है
जब हिन्दोस्तान पर अंग्रेजी हुकूमत थी तब अंग्रेजो ने एक ठग बैरम को पकड़ा था उस ठग ने अपने अपराध की स्विकारोत्ति (कंफेशन) की थी तब उस कन्फेशन के आधार पर एक नावेल लिखा गया था 1839 में फिलिप मेडौ टेलर द्वारा “कन्फेशन ऑफ ए ठग” और अब उसी नोवेल पर आधारित है फ़िल्म ठग्स ऑफ़ हिन्दोस्तान बन रही है जो दीपावली तक रिलीज़ होगी .
आमिर खान बैरम ठगों के सरदार का किरदार निभा रहे है जिसने कई अंग्रेजों के क़त्ल किये उसमे से उसे 931 तो याद थे . बाकी का हिसाब उसको नहीं पता था . उसके खास सहयोगी सय्यद आमिर अली ने भी इतने ही कत्लों में हिस्सा लिया और बैरम से ज्यादा कत्ल किये यह किरदार है अमित जी के पास .
फ़िल्म की कास्ट इतनी खूबसूरत है कि आमिर ने ट्वीट/फोन के ज़रिए आदित्य चोपड़ा निर्माता को शुक्रिया बोला और कहा कि अमित जी के साथ काम करने का सपना पूरा कर दिया. इस फिल्म में लेखन ओर निर्देशन सम्भाला है विजय कृष्ना आचार्य ने .
यह बात किसी से छुपी नहीं है कि आमिर अपने काम औऱ किरदार को लेकर इतने संजीदा होते है कि
चाहे गजनी के सिक्स पैक, 3 इडियट्स का इडियट, नोजवान, बच्चा, या दंगल का पिता हो वेसे ही खुद को ढाल लेते है
इस फ़िल्म में पंजाबी किरदार के लिए उन्होंने कानो को छिदवाया (पियरसिंग) करवॉई, दाड़ी, बाल बढ़ाए पूरा गेट आप वैसा ही दिया है . अमित जी से कुछ भी करवा लीजिये वह हरफनमौला है . जब यह दो महान हस्तियां फ़िल्म में हो तो दूसरे सभी गौण हो जाते है लेकिन कैटरीना, फातिमा सना शेख, ज़ीशान अय्यूबी, रोनित रॉय भी है फ़िल्म में.
फ़िल्म का संगीत दिया है शंकर एहसान लॉय ने,  फ़िल्म का बजट है 160 करोड़ .
आमिर ने मुनाफे में 70%लेने का करार किया है और निर्माता 30% पर भी राज़ी  हो गए है क्योंकि दंगल 2000 करोड़  पार किये है, वही सीक्रेट सुपर स्टार ने चायना में 300 करोड़  का व्यापार किया है. इस फ़िल्म से भी उम्मीद की जा रही है कि विश्व भर से 1000 करोड़  पार कलेक्शन कर सकती है .
अब कुछ चर्चा पीटर के नावेल पर भी करते है जिस पर फिल्म बनाई जा रही है .

विडियो भी देखिये

https://youtu.be/QWd1wgy_1pE

 

नोवेल के अनुसार ठग सफर में जा रहे करवा में शामिल हो जाते थे, ओर खाने में नशीली चीजे डालकर काफिला लूट लिया करते थे, ठग एक दूसरे को पहचान लिया करते थे, ठग बिरादरी माँ काली मो अपनी कूल देवी मान कर उनकी पूजा करते थे . ठग बाद बाद में अंग्रेजो को मारकर लूटपाट करने लगे थे, अंग्रेजो ने उन्हें पकड़ने के लिए एक खास सेना का गठन किया था बाद में यही ठग देश की आज़ादी की लड़ाई में अंग्रेजो के खिलाफ हो गए थे और अंग्रेजो की नाक में दम कर दिया था .
बैरम सरदार ने जो कत्ल किये उसमे से 931 कत्ल तो याद थे उसे उस वक्त में ठगों की बिरादरी ने 30 लाख से ज्यादा कत्लों को अंजाम दिया इसी वजह से उनका नाम ग्रीनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकार्ड में दर्ज है|
दोस्तो ट्रेलर से फ़िल्म की भव्यता साफ दिख रही है
भव्यता का अंदाज़ा अमित जी/आमिर से लगाया जा सकता है
कूल मिलाकर इस साल बेहतरीन फ़िल्म की सौगात होगी
ठग्स ऑफ हिन्दोस्तान के रूप में

आकलन

फिल्म समीक्षक – इदरीस खत्री

इदरीस खत्री
(फ़िल्म समीक्षक)

उदयपुर में कांग्रेस को लगा बड़ा झटका, बीजेपी में शामिल हुई कांग्रेसी पार्षद प्रमिला चौधरी

उदयपुर। जहाँ एक तरफ शहर विधायक व् गृहमंत्री गुलाबचंद कटारिया द्वारा शहरी विधानसभा क्षेत्र में वार्डों के दौरे में विवाद और विरोध उपज रहा था जिसकी वजह से भाजपा के पार्षद ही नहीं खुद गृहमंत्री भी परेशान थे लेकिन इन सबके बिच रविवार भाजपा के लिए राहत लेकर आया। गृहमंत्री गुलाबचंद कटारिया के वार्डों के दौरे के दौरान वार्ड ३१ की कांग्रेसी पार्षद कांग्रेस छोड़ भाजपा का दामन थाम लिया। गृहमंत्री ने इसकी वजह बिना भेदभाव के वार्ड में करोड़ों का काम करना बताया वहीँ अब कांग्रेस के ३ में से मात्र २ पार्षद ही रह गए है।
गृहमंत्री गुलाबचन कटारिया का रविवार को वार्ड ३० ३१ ३२ व् ३३ वार्डों का दौरा था। इस दौरे के दौरान वार्ड ३१ की कांग्रेसी पार्षद प्रमिला चोधरी ने कांग्रेस का हाथ छोड़ भाजपा का दामन थाम लिया। कटारिया ने पार्षद प्रमिला चौधरी का उपरना ओढा कर अपनी पार्टी में स्वागत किया। कटारिया ने कहा कि हमने कभी किसी वार्ड में पक्षपात नहीं किया चाहे वार्ड भाजपा पार्षद का हो या कांग्रेसी पार्षद का और यही वजह रही की वार्ड ३१ में करीब छह करोड़ से अधिक के काम हुए और इसीलिए पार्षद प्रमिला चौधरी कांग्रेस छोड़ भाजपा में शामिल हुई है। गृहमंत्री और भाजपा के लिए चुनाव के पहले शहरी विधानसभा क्षेत्र में इस तरह का बदलाव राहत देने वाला है वहीँ शहरी कांग्रेस के लिए यह एक बड़ा झटका साबित होगा। जानकारी के अनुसार पार्षद के साथ कुछ कांग्रेसी कार्यकर्ता ने भी भाजपा की सदस्यता ग्रहण की है।
इस दौरान नगर विकास प्रन्यास चैयरमेन रविन्द्र श्रीमाली,पूर्व मेयर रजनी डांगी,मनोहर चैधरी समेत कई भाजपा पदाधिकारी मौजूद थे। नगर निगम बोर्ड मे भाजपा के 49 पार्षद हो गए है जबकि कांग्रेस के 3 मे से 2 रहे गए है।
गौरतलब है कि शहर विधानसभा क्षेत्र के विभिन्न वार्डों के दौरे के दौरान पिछले कई दिनों से गृहमंत्री गुलाबचंद कटारिया का विरोध किया जारहा था जिसको लेकर भाजपा के पदाधिकारी सहित गृहमंत्री भी परेशान थे और कई बार तो उनकी झल्लाहट भी सार्वजनिक रूप से देखने को मिली थी जैसे कि शुक्रवार को कटारिया द्वारा लोगों से मुलाकात कर उनकी समस्याएं जाननी चाही। उस समय गहमागहमी का माहौल हो गया जब शहर के वार्ड 10 में ऊंटों के कारखाने पर शराब के ठेके को लेकर महिलाओ ने विरोध किया। महिलाओं की बात सुनकर कटारिया ने इस समस्या का समाधान निकाला तो महिलाएं मौका देखने पर अड़ी रही। महिलाओं के इस रवैये से गुस्सा हुए गृहमंत्री ने कहा कि मत देना वोट, अपने वोट खड्डे में डाल देना।

दर्दनाक हादसा: एक दूसरे को बचाने के चक्कर में 3 बच्चों की मौत,

पोस्ट । चित्तौड़गढ़ के गांधी नगर इलाके में रहने वाले तीन बच्चों की नहाते समय गंभीरी नदी के बागलिया देह में डूबने से मौत हो गई। जबकि एक बच्चे को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया। मरने वालों में दो सगे भाई व तीसरा उनकी भुआ का बेटा शामिल है।
गांधी नगर में मजिस्ट्रेट कॉलोनी के पीछे रहने वाले शौकत अली के पौत्र व अब्दुल लतीफ के पुत्र रियाज (16) व दानिश (13) तथा शौकत अली के नवासे बिजय नगर के बरल निवासी नदीम (15) पुत्र नईम व उसका भाई मोबिन (17) रविवार को सुबह मदरसा जाने की कहकर घर से निकले थे, लेकिन चारों बच्चे मदरसा जाने के बजाए नहाने के लिए गंभीरी नदी के बागलिया देह चले गए।
वहां नहाते समय नदीम गहरे पानी में चला गया और डूबने लगा तो उसे बचाने के लिए शेष तीनों बच्चों ने उसका हाथ पकड़ लिया। देखते ही देखते चारों बच्चे डूब गए। मौके पर खड़े राजू नामक युवक ने बच्चों को डूबते देखा तो उनमें से एक मोबिन को उसने पानी से सुरक्षित बाहर निकाल लिया। राजू शौकत के यहां टेंट का काम करता है। शेष बच्चों को भी राजू ने पानी से बाहर निकाला, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी।हादसे की खबर सुनते ही शौकत के परिवार में कोहराम मच गया। महिलाओं का रूदन थम नहीं पा रहा था। मौहल्लावासियों व परिचितों की आंखें भी नम थी। तीनों बच्चों के शव को ऑटो में डालकर सांवलियाजी अस्पताल ले जाया गया, जहां पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिए।
नवासे की मौत की सूचना बरल गांव में रह रहे उनके परिजनों को मिली तो वे भी चित्तौड़गढ़ पहुंच गए। सबसे पहले पूर्व सभापति गीता देवी योगी व पूर्व पालिकाध्यक्ष रमेशनाथ अस्पताल पहुंचे और एंबुलेंस की व्यवस्था करवाई। बाद में विधायक चन्द्रभानसिंह, नगर परिषद सभापति सुशील शर्मा, जिला कांग्रेस कमेटी के महामंत्री प्रमोद सिसोदिया, भाजपा नगर अध्यक्ष नरेन्द्र पोखरना आदि अस्पताल पहुंचे।
बुझ गया घर का चिराग शौकत अली के पुत्र लतीफ के रियाज व दानिश दो ही पुत्र थे और दोनों की डूबने से मौत हो जाने से घर का चिराग ही बुझ गया। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था। लोगों के सात्वना देने पर भी रूदन थम नहीं पा रहा था।

IPL 2018: ड्वेन ब्रावो की तूफानी पारी में MI से जीत छीनी,CSK 1 विकेट से जीता

0

आईपीएल 2018 के अंतर्गत शनिवार को गत चैंपियन मुंबई इंडियंस और चेन्‍नई सुपरकिंग्‍स के बीच खेला गया मैच रोमांच की तमाम सीमाओं को पार कर गया. आखिरी क्षणों तक रोमांचक रहे इस मैच में चेन्‍नई ने एक विकेट से जीत हासिल की. ड्वेन ब्रावो ने निर्णायक क्षणों में 68 रन (30 गेंद, तीन चौके और सात छक्‍के) की चमत्‍कारी पारी खेलते हुए इस जीत का संभव बनाया. टूर्नामेंट के इस उद्घाटन मैच में मुंबई ने पहले बल्‍लेबाजी करते हुए 20 ओवरों में 4 विकेट पर 165 रन बनाए. जवाब में खेलते हुए मुंबई टीम एक समय 105 रन पर सात विकेट गंवा चुकी थी और उसकी हार तय लग रही थी लेकिन ब्रावो ने कमाल करते हुए पारी के 18वें और 19वें ओवर में पलटवार करते हुए मुंबई से जीत छीन ली. पारी के 18वें ओवर में उन्‍होंने मैकक्‍लेंघन के ओवर में दो छक्‍के सहित 20 रन बनाए तो अगले यानी 19वें ओवर में जसप्रीत बुमराह के खिलाफ तीन छक्‍के सहित 20 रन बना डाले. इन दो ओवरों में उनके तूफानी प्रहारों ने मैच की तस्‍वीर बदलकर रख दी और चेन्‍नई ने एक गेंद शेष रहते हुए लक्ष्‍य हासिल कर लिया. चेन्‍नई को जीत दिलाने के लिए केदार जाधव रिटायर होने के बाद बैटिंग के लिए वापस लौटे. अंतिम ओवर में उन्‍होंने मुस्‍तफिजुर को छक्‍का और चौका लगाते हुए टीम को जीत तक पहुंचाया. उनके साथ इमरान ताहिर 2 रन बनाकर नाबाद रहे.

7 गेंदों पर 47 रन बनाने थे, ब्रावो ने खेल पलट दिया

17.1 ओवर : मैक्लेनाघन की गेंद पर ताहिर ने सिंगल लेकर स्ट्राइक ब्रावो को दिया।
17.2 ओवर :ब्रावो ने लांग ऑफ पर छक्का मारा।
17.3 ओवर : ब्रावो ने डीप मिडविकेट पर छक्का मारा।
17.4 ओवर : ब्रावो ने दो रन लिया।
17.5 ओवर : ब्रावो ने मिडविकेट पर चौका मारा।
17.6 ओवर : ब्रावो ने आखिरी गेंद पर एक रन लेकर स्ट्राइक अपने पास रखी।

12 गेंदो में 27 रन की थी जरूरत
18.1 ओवर : बुमराह के गेंद पर ब्रावो ने लांग ऑफ पर छक्का मारा।
18.2 ओवर : मिडविकेट पर ब्रावो ने छक्का मारा।
18.3 ओवर : ब्रावो ने दो रन लिए।
18.4 ओवर : ब्रावो कोई रन नहीं बना पाए।
18.5 ओवर : ब्रावो ने मिडविकेट के उपर से फिर छक्का मारा।
18.6 ओवर :बुमराह ने आखिरी गेंद पर ब्रावो को आउट कर दिया।

6 गेंदों पर जीत के लिए 7 रन चाहिए थे
19.1 ओवर : मुस्तफिजूर की गेंद पर जाधव कोई रन नहीं बना सके।
19.2 ओवर :जाधव दूसरी गेंद पर भी कोई रन नहीं बना पाए।
19.3 ओवर : लगातार तीसरे गेंद पर जाधव रन नहीं बना पाए।
19.4 ओवर : जाधव ने फाइन लेग पर छक्का मारकर स्कोर बराबर कर दिया।
19.5 ओवर :जाधव ने चौका मारकर सीएसके को जीत दिला दी।

चेन्नई सुपरकिंग्स : स्कोरकार्ड

बैट्समैन रन गेंद 4s 6s
शेन वॉटसन कै. लेविस बो. हार्दिक 16 14 1 1
अंबाती रायडू एलबीडब्ल्यू बो. मार्कण्डेय 22 19 4 0
सुरेश रैना कै. क्रुणाल बो. हार्दिक 4 6 0 0
केदार जाधव नॉट आउट 24 22 1 2
एमएस धोनी एलबीडब्ल्यू बो. मार्कण्डेय 5 5 0 0
रविंद्र जडेजा कै. सूर्यकुमार बो. मुस्तफिजूर 6 9 0 0
ड्वेन ब्रावो कै. रोहित बो. बुमराह 68 30 3 7
दीपक चाहर स्टं किशन बो. मार्कण्डेय 0 1 0 0
हरभजन कै. बुमराह बो. मैक्लेनाघन 8 5 1 0
मार्क वुड कै. मुस्तफिजूर बो. हार्दिक 1 3 0 0
इमरान ताहिर नॉट आउट 2 2 0 0

टोटल : 169/9 ओवर : 19.5 एक्स्ट्रा :7

विकेट : 27/1, 42/2, 42/3, 51/4, 75/5, 84/6, 105/7, 118/8, 159/9

बॉलिंग : मिशेल मैक्लेनाघन : 4-0-44-1, मुस्तफिजूर रहमान : 3.5-0-39-1, जसप्रीत बुमराह : 4-0-37-1, हार्दिक पंड्या : 4-0-24-3, मयंक मार्कण्डेय: 4-0-23-3

मुंबई इंडियंस : स्कोरकार्ड

बैट्समैन रन गेंद 4s 6s
रोहित शर्मा कै रायडू बो, वॉटसन 15 18 1 1
इविन लुईस एलबीडब्ल्यू बो. चाहर 0 2 0 0
ईशान किशन कै. वुड बो. ताहिर 40 29 4 1
सूर्यकुमार यादव कै. हरभजन बो. वॉटसन 43 29 6 1
हार्दिक पंड्या नॉट आउट 22 20 2 0
क्रुणाल पंड्या नॉट आउट 41 22 5 2

टोटल : 165/4, ओवर : 20,एक्स्ट्रा : 4

विकेट :7-1, 20-2, 98-3, 113-4

बॉलिंग : दीपक चाहर : 3-0-14-1, शेन वॉटसन : 4-0-29-2, हरभजन सिंह : 2-0-14-0, रविंद्र जडेजा : 1-0-9-0, मार्क वुड : 4-0-49-0, इमरान ताहिर : 2-0-23-1, ड्वेन ब्रावो : 4-0-25-0.

मुंबई टीम :रोहित शर्मा (कप्तान), इविन लुईस, ईशान किशन (विकेटकीपर), हार्दिक पांड्या, कीरोन पोलार्ड, क्रुणाल पंड्या, सूर्यकुमार यादव, मयंक मार्कंडे, मुस्तफिजूर रहमान, मिशेल मैक्लेनाघन, जसप्रीत बुमराह।

चेन्‍नई की पारी: ब्रावो ने असंभव को संभव बनाया 
चेन्‍नई सुपरकिंग्‍स की पारी की शुरुआत अंबाती रायुडू और शेन वॉटसन ने की. मुंबई के लिए पहला ओवर मिचेल मैकक्‍लेंघन ने फेंका जिसमें रायुडू के चौके सहित 7 रन बने.दूसरे ओवर में मुस्‍तफिजुर रहमान गेंदबाजी के लिए आए. ओवर में रायुडू और वॉटसन ने एक-एक चौका जमाया.तीसरे ओवर में जसप्रीत बुमराह गेंदबाजी के लिए आए. ओवर में उन्‍होंने मुंबई के बल्‍लेबाजों को केवल तीन रन बनाने दिए.पारी के चौथे ओवर में हार्दिक पंड्या ने शेन वॉटसन (16 रन, 14 गेंद,एक चौका, एक छक्‍का) को लेविस से कैच कराकर मुंबई को पहली सफलता दिलाई. वैसे इस ओवर में वॉटसन के छक्‍के समेत 12 रन बने. पांच ओवर के बाद मुंबई का स्‍कोर एक विकेट पर 39 रन था.पारी के छठे ओवर में हार्दिक पंड्या ने सुरेश रैना (4) को भी अपने भाई क्रुणाल पंड्या से कैच कराकर चलता कर दिया. इस झटके से चेन्‍नई टीम अभी उबर भी नहीं पाई थी कि अंबाती रायुडू (22 रन, 19 गेंद, चार चौके) को नए गेंदबाज मयंक मार्कंडे ने एलबीडब्‍ल्‍यू कर दिया. सातवें ओवर तक ही चेन्‍नई टीम के तीन प्रमुख विकेट गिर चुके थे.9वें ओवर में चेन्‍नई को एमएस धोनी (5) के रूप में एक और झटका झेलना पड़ा. लेग ब्रेक बॉलर मयंक मार्कंडे फिर से यह कामयाबी लेकर आए. धोनी एलबीडब्‍ल्‍यू हुए. 10 ओवर के बाद चेन्‍नई सुपर‍किंग्‍स का स्‍कोर चार विकेट पर 56 रन था और टीम तमाम मुश्किल में नजर आ रही थी.

12वें ओवर में मुस्‍तफिजुर को रवींद्र जडेजा (12 रन, 13 गेंद, एक चौका) को सूर्यकुमार यादव से कैच कराते हुए चेन्‍नई की हालत और खस्‍ता कर दी. नए बल्‍लेबाज ड्वेन ब्रावो ने मार्कंडो को अगले ओवर में छक्‍का लगाया लेकिन वांछित रन रेट तेजी से ऊपर चढ़ रहा था और बल्‍लेबाजों पर दबाव बढ़ रहा था.13वें ओवर में चेन्‍नई की मुश्किलें और बढ़ गईं. केदार जाधव को रिटायर होकर पेवेलियन लौटना पड़ा. उनके स्‍थान पर बैटिंग के लिए आए दीपक चाहर (0) की पहली ही गेंद पर मार्कंडे का शिकार बन गए. युवा लेग स्पिनर मार्कंडे का यह तीसरा विकेट रहा. उन्‍होंने चार ओवर में 23 रन देकर यह विकेट लिए.पारी का 14वां ओवर (गेंदबाज मुस्‍तफिजुर) चेन्‍नई के लिए अच्‍छा रहा. ब्रावो और हरभजन ने इसमें 13 रन बनाए.15   ओवर के बाद चेन्‍नई सुपरकिंग्‍स का स्‍कोर सात विकेट पर 106  रन था.विकेटों की पतझड़ के बीच ड्वेन ब्रावो ने 18वें ओवर में मैकक्‍लेघन पर हमला बोला और दो छक्‍के लगाते हुए 20 रन ठोक दिए. आमतौर पर बेहद किफायती रहने वाले बुमराह को भी तीन छक्‍के लगाए. इस ओवर में भी 20 रन बने. यह ब्रावो की बैटिंग का ही कमाल था कि चेन्‍नई की जीत की उम्‍मीदें बढ़ने लगी थी. ब्रावो आखिरकार 68 रन (30 गेंद, तीन चौके और सात छक्‍के) बनाने के बाद बुमराह के शिकार बने. आखिरी ओवर में चेन्‍नई को जीत के लिए छह गेंद पर सात रन की जरूरत थी. रिटायर होने के बाद बैटिंग के लिए लौटे केदार जाधव ने मुस्‍तफिजुर को छक्‍का और फिर चौका जड़ते हुए टीम को जीत तक पहुंचाया.

विकेट पतन: 27-1 (वॉटसन, 3.4), 42-2 (रैना, 5.6), 42-3 (रायुडू, 6.3), 51-4 (धोनी, 8.3) ,75-5 (जडेजा , 11.6), 84-6 (चाहर, 12.6), 105-7 (हरभजन, 14.5), 118-8 (मार्क वुड, 16.3), 159-9 (ब्रावो , 18.6)

मुंबई इंडियंस की पारी: क्रुणाल पंड्या की जोरदार बल्‍लेबाजी 
चेन्‍नई सुपरकिंग्‍स के लिए पहला ओवर दीपक चाहर ने फेंका जिसकी चौथी गेंद पर रोहित शर्मा ने चौका जमा दिया. आईपीएल 2018 की यह पहली बाउंड्री रही. ओवर में 5 रन बने.दूसरा ओवर शेन वॉटसन ने किया.इस ओवर में केवल दो रन बने.पारी के तीसरे ओवर की पहली गेंद पर चेन्‍नई को सफलता मिली जब चाहर ने लेविस (0)को एलबीडब्‍ल्‍यू कर दिया.पारी के चौथे ओवर में वॉटसन को रोहित शर्मा ने कवर्स के ऊपर से छक्‍का जमाया लेकिन इसी ओवर में वे ऐसा ही शॉट दोहराने की कोशिश में रायुडू को कैच दे बैठे. रोहित ने 18 गेंद पर 15 रन बनाए.पांच ओवर के बाद स्‍कोर दो विकेट पर 26 रन था.छठे ओवर में सूर्यकुमार यादव ने वॉटसन को पहले चौका और फिर छक्‍का जड़ा. इस ओवर में 13 रन बने.सातवें ओवर में हरभजन सिंह गेंदबाजी के लिए आए, इसमें 4 रन बने.आठवें ओवर में रवींद्र जडेजा आए जिनका स्‍वागत ईशान किशन ने दो चौके लगाकर किया. इसी ओवर में मुंबई का स्‍कोर 50 रन के पार पहुंचा. हरभजन की ओर से फेंके गए पारी के 9वें ओवर में भी 10 रन बने.10 ओवर के बाद स्‍कोर दो विकेट पर 65 रन था.

पारी के 11वें ओवर में आए इमरान ताहिर को ईशान किशन ने पहली गेंद पर चौका, दूसरी गेंद पर छक्‍का और तीसरी गेंद पर चौका लगाया. ओवर में 18 रन बने. अगले ओवर में बारी सूर्यकुमार यादव की थी, उन्‍होंने ड्वेन ब्रावो की पहली तीन गेंदों पर लगातार चौके जमा दिए. मुंबई का तीसरा विकेट 13वें ओवर में सूर्यकुमार यादव (43) के रूप में गिरा, जिन्‍हें वॉटसन ने हरभजन से कैच कराया. सूर्यकुमार की 29 गेंदों की शानदार पारी में छह चौके और एक छक्‍का शामिल था.सूर्यकुमार और ईशान की जोड़ी ने तीसरे विकेट के लिए तेजी से 78 रन की साझेदारी की.पारी के 15वें ओवर में ताहिर को फिर वापस लाया गया.उन्‍होंने ईशान किशन (40 रन, 29 गेंद, चार चौके, एक छक्‍का) को मार्क वुड से कैच कराकर चेन्‍नई को चौथी कामयाबी दिलाई. क्रीज पर अब पंड्या भाई, हार्दिक और क्रुणाल थे.16वें ओवर की पहली गेंद पर क्रुणाल पंड्या ने मार्क वुड को छक्‍का जमा दिया. इस ओवर में क्रुणाल ने दो चौके भी लगाए. ओवर में 19 रन बने.पारी के 18वें ओवर में ब्रावो ने पंड्या बंधुओं को महज तीन रन ही बनाने दिए. क्रुणाल ने इसकी भरपाई अगले ओवर में करते हुए मार्क वुड के ओवर में दो चौके और एक छक्‍के सहित 17 रन ठोक दिए. क्रुणाल (नाबाद 41,22 गेंद, पांच चौके और दो छक्‍के) और हार्दिक (नाबाद 22, 20 गेंद, दो चौके) की तेजतर्रार पारियों की मदद से मुंबई 20 ओवर में 4 विकेट पर 165 रन के सम्‍मानजनक स्‍कोर तक पहुंचने में सफल रही. हालांकि पारी की आखिरी गेंद पर हार्दिक चोटिल हो गए.

चेन्‍नई के प्रशंसकों ने धोनी को पीली जर्सी में देखने के लिए दो साल का इंतजार किया. इसकी बानगी चेपाक मैदान पर अभ्यास मैच के दौरान देखने को मिली जब बड़ी संख्या में दर्शक उमड़े. उन्हें चेन्नई सुपरकिंग्‍स टीम से तीसरी ट्रॉफी का इंतजार होगा.दक्षिण अफ्रीका में गेंद से छेड़खानी विवाद और चोटों के कारण चार बेहतरीन खिलाड़ी नजर नहीं आएंगे. मिचेल स्‍टॉर्क और कागिसो रबाडा चोट के कारण बाहर हैं जबकि स्टीव स्मिथ और डेविड वॉर्नर गेंद से छेड़खानी प्रकरण में एक साल का प्रतिबंध झेलने के कारण नहीं खेल सकेंगे.

शिक्षा के क्षेत्र में नये आयाम स्थापित कर रही है ओस्तवाल एजुकेशन सोसायटी

उदयपुरए । मंगलवाड़ में स्थित ओस्तवाल एजुकेशन सोसायटी की ओर से संचालित यूएस ओस्तवाल साइंस एण्ड आर्ट्स कॉलेज शिक्षा के क्षेत्र में नये आयाम स्थापित कर रहा है। खासकर ग्रामीण क्षेत्र के विद्यार्थी शहरी क्षेत्रों में मिलने वाली आज के समय की आधुनिक शिक्षा का यहां भरपूर लाभ ले रहे हैं।
निदेशक भारतीय प्रशासनिक सेवा के पूर्व अधिकारी सुमतिलाल बोहरा ने बताया कि 13 जुलाई 2016 से संचालित उक्त कॉलेज ने अपने प्रारम्भिक काल से ही आधुनिक एवं हाईटेक शिक्षा के माध्यम से शिक्षा के क्षेत्र में अपनी एक अलग ही पहचान बना रहा है। बोहरा ने यहां की अब तक की उपलब्धियों के बारे में बताते हुए कहा कि यहां की उच्च शैक्षणिक गुणवत्ता के कारण अब तक शत प्रतिशत परीक्षा परिणाम रहे हैं साथ ही अभ्यास एवं मूल्यांकन के साथ भी उत्कृष्ण परिणाम रहे हैं। यहां की शिक्षा प्रणाली मैत्री पूर्ण के साथ ही सह शिक्षा प्रणाली है। खास बात यह है कि यहां पर
रोजगारपरक स्कील डवलपमेन्ट शिक्षा पर ज्यादा जोर दिया जाता है। पेशेवर सलाहकारों के साथ छात्रों को फील्ड का अनुभव करवाया जाता है। समय. समय पर छात्रों को शैक्षिक भ्रमण पर भी ले जाया जाता है। अन्य शिक्षण संस्थाओं के मुकाबले यहां की फीस भी न्यूनतम है।
बोहरा के अनुसार मंगलवाड़ से 40 किलोमीटर तक के दायरे में छात्रों को लाने. जाने के लिए वाहन सुविधा भी उपलब्ध है। जो गरीब तबके के वास्तव में पात्र प्रतिभावन छात्र होते हैं उनके लिए भी यहां पर निशुल्क शिक्षा का प्रावधान हैं। बच्चों की रूचि के अनुसार ही उन्हें कोर्स करवाये जाते हैं। विभिन्न प्रकार के खेलों तथा संगीत की शिक्षा भी यहां पर पूर्ण प्रशिक्षित शिक्षकों द्वारा दी जाती है। यहां पर साइंसए आर्ट्स ए कॉमर्सए बीसीए एवं बीबीए एवं फार्मेसी के कोर्स भी यहां करवाए जाते हैं। डिग्री लेने के बाद बच्चों को रोजगार के लिए भटकना न पड़े इसके लिए कॉलेज में ही रोजगार शिविरों का भी आयोजन किया जाता है।
बोहरा के अनुसार उनका मकसद युवाओं को उत्कृष्ट शिक्षा के साथ रोजगार उपलब्ध कराना है ।

Suicide …..is this a permanent solution? – Dr. Kajal Verma

0

Suicide is intentional self-destruction.
Suicidal ideation
Suicidal ideation is a preoccupation with committing suicide. These ideas may be-

डॉ. काजल वर्मा

-Occasional and transient
– Frequent
– Persistent
– Compelling or impulsive
Impulsive suicide is often associated with alcohol or substance abuse and may occur while the subject is intoxicated or in withdrawal.

Suicidal Communications:
It refers to talking about committing suicides by different ways.

Parasuicide:
It refers to suicidal attempts or gestures.

Suicidal behaviour:
It includes completed suicide, parasuicide, suicidal ideation, and suicidal communications.
Objectives of Suicide
To harm himself or herself or with the intent to die.
For purposes other than self-destruction.

Causes –

Social factors:

-Rootlessness
– confusion,
– lack of connectedness –hopelessness
-shame,
-self-reproach
– domestic violence and –parental alcoholism.

Genetic factors:
The genetics of suicide are probably linked with the genetics of affective disorders. The probability of suicide is increased in families with a history of bipolar disorder.

Neuroendocrine and neurochemical factors:
-Abnormal hypothalamopituitaryadrenocortical functioning
– growth hormone hyposecretion
-growth hormone hypersecretion during sleep
-lower levels of urinary secretion of 3-methoxy-4-hydroxy-phenylglycol
– abnormality of central serotonin metabolism and low levels of cerebrospinal fluid 5-hydroxy-indoleacetic acid
a serotonin metabolite.

Psychiatric disorders:

History of psychiatric disorders is common in suicidal cases. These include,
– major depressive disorder,
– dysthymic disorder-bipolar disorder
-conduct disorder -substance use disorder borderline personality disorder, complex, abuse-related posttraumatic stress disorder, intermittent explosive disorder and schizophrenia or schizoaffective disorders.

Sometimes, the suicidal act is a response to command hallucinations or delusions e. g. in schizophrenia, schizoaffective disorder, or dissociative hallucinosis.

Transactional diathesis- stress model:
It suggests that inclining psychological factors e. g. exposure to domestic violence, abuse, neglect, rejection, parental psychopathology, parental separation, conflict with a parent, conflictual divorce, separation from or death of a loved parent, sibling, relative, friend, or pet, rejection by a desired romantic partner, academic failure, suspension from school, unemployment or loss of employment, humiliation by peers or family, or police involvement together with a genetic predisposition to affective disorder or impulsivity, lay the groundwork for a weak or vulnerable personality.

Vulnerable individuals have difficulty in resolving the situation and expressing emotion in words. As a result, they brood fruitlessly and float into a state of hopelessness. They feel unfortunate and become chronically pessimistic. They lack the capacity for a facing situations and events and are impaired in the capacity for self-reflection, emotional expression, and impulse control.

When things go wrong, their pessimistic outlooks are fulfilled and they blame themselves and develop low self-esteem, pessimism, fatalism, and an impaired capacity to regulate affect and impulse when stressed.

Common Motivations for the Suicidal Act

Motivation

Atonement

I will punish myself for what I have done.

Control

I am unafraid of death.

Escape

I want to be free of my body and my life.

Rebirth

After I die, I can start again.

Reunion

I’ll join my mother in heaven.

Revenge

They’ll be sorry when I’ve gone.

Self-sacrifice

My death will bring them together.

Risk Factors

-Family conflict
– family problems -personal loss
-problems with the opposite sex
-recent rejection or humiliation by family or peers
– problems at school

-suspension from school -problems at work

– loss of a job.

Treatment

Extended individual psychotherapy

Cognitive-behavioural therapy

Family therapy, or a combination of these therapies will be required, together Homoeopathy.

Homeopathy is one of the most popular holistic systems of medicine. The selection of remedy is based upon the theory of individualization and symptoms similarity by using holistic approach. This is the only way through which a state of complete health can be regained by removing all the sign and symptoms related to suicidal thoughts from which the patient is suffering. The aim of homeopathy is not only to treat psychic conditions related to suicidal thoughts but to address its underlying cause and individual susceptibility. As far as therapeutic medication is concerned, several remedies are available to treat the state where suicidal thoughts are dominant that can be selected on the basis of cause, sensations and modalities of the complaints like anacardium , pulsatilla, psorinum,ant crud ,ant tart , staphysagaria,ignatia ,merc etc .

For individualized remedy selection and treatment, the patient should consult a qualified homeopathic doctor

102 नॉट आउट, बाप और बेटे की इमोशन से भरी कहानी में कोमेडी का तड़का हो सकता है – इदरीस खत्री

उदयपुर पोस्ट . आज से हम उदयपुर पोस्ट पर नयी फिल्मों की समीक्षा व् फिल्मों के पूर्वालोकन के बारे में लगातार पोस्ट करेगें और यह समीक्षा होगी बोलीवूड के जाने माने समीक्षक इदरीस खत्री बहुत अच्छे समीक्षक तो

फिल्म समीक्षक – इदरीस खत्री

है ही साथ ही एक अच्छे लेखक व निर्देशक भी है और फैसला युग के फ़िल्मी संपादक के साथ कई और अन्य फ़िल्मी मैगज़ीन से जुड़े हुए है. साथ ही इदरीस खत्री अभिनय में भी अपना हाथ आजमा लेते है. सहज और सरल स्वभाव के व्यक्तित्व इदरीस खत्री ने उदयपुर पोस्ट का अनुरोध स्वीकार कर अपनी फिल्म की समीक्षा को उदयपुर पोस्ट में पब्लिश करने कि अनुमति बड़ी सहजता से देदी उदयपुर पोस्ट टीम इदरीस खत्री की आभारी है.

अमिताभ बच्चन की आने वाली फिल्म 102  नॉट आउट की पूर्वालोकन समीक्षा के साथ उदयपुर पोस्ट इदरीस खत्री के साथ शुरुआत कर रहा है.

दोस्तो फ़िल्म 102 नॉट आउट के प्रदर्शन पूर्व एक चर्चा,,,
फ़िल्म गुजराती नाटक पर आधारित है जिसके लेखक भी सौम्या जोशी ही है, सौम्या को पिछले 20 सालों से जानता हूँ जो कि पहले यूनिवर्सिटीज के ड्रामे भी लिखते थे जब से .
जैसा कि फ़िल्म के ट्रेलर से विदित हो रहा है एक अल्हड़, बिंदास बाप अमिताभ जिसकी उम्र 102 साल है और वह चाइना के 118 साल के सबसे बड़े बूढ़े की उम्र पार करना चाहते है जिनका एक 75 वर्षीय पुत्र है जो कि अवसाद(डिप्रेशन) से घिरा हुवा है शायद वह एक लेखक है जो अपनी पत्नी से अलग रहता है लेखक मैंने ऐसे आकलन लगाया जैसा वह लेटर लिखता है शुद्ध देवनागरी लिपि में उससे,और वह अपने बुढ़ापे को स्वीकार कर चुका है लेकिन पिता 102 साल में भी नोजवान की तरह फुटबॉल खेलता है और अपने बुढ़ापे को मस्ती खेल मज़ाक में लेकर 118 साल पार करना चाहता है ओर खुद को बुढा नही मानता है ओर हँसते गाते मस्ती करते हुवे जिन्दगी के आखरी पड़ाव को पार करना चाहता है .
क्योकि विषय मानवीय संवेदनाओं के साथ भावनात्मक(इमोशनल) है तो उसमें हास्य के साथ ही संवेदनाए प्रकट हो तो जनता हज़म कर पाएगी .
ऋषि कपूर ने अपनी बायोग्राफी खुल्लम खुल्ला में अमित जी और उनके रिश्तों को लेकर कुछ खुलासे किए, जिसमे अमित जी से उनके रिश्ते अच्छे न होने का जिक्र था फ़िल्म अमर अकबर एन्थोनी के वक्त तो अमित जी ऋषि से बात भी नही करते थे केवल शूट सीन के अलावा (थोड़ा खुलासा कर दूं यही असुरक्षा की भावना उस दौर में अमित जी के साथ विनोद खन्ना, धर्मेंद्र, शत्रुघन सिन्हा को भी थी)
लेकिन उस वक्त ऐसे आरोप वही लगते रहे थे अमित जी पर परन्तु अमित जी उस वक्त सुपर स्टार एंग्री यंग मैन की सीढ़ियां चढ़ रहे थे तो समकक्ष कलाकारों में यह भावना आना लाजमी भी था, लेकिन फिर धीरे धीरे अमित जी स्वभाव समझ मे आने लगा और यह भावना खुद ब खुद दूर होती गई
अमिताभ बच्चन, ऋषिकपूर ने फ़िल्म कूली, नसीब, अमर अकबर एन्थोनी, कभी कभी के अलावा 1991 में आई अजूबा में एक साथ अभिनय किया था,
अब दोनों फिर एक साथ होंगे
102, नॉट आउट में
लगभग 27 साल बाद दोनों होंगे एक साथ,
102 नॉट आउट  फ़िल्म का निर्देशन सम्भाल रहे है उमेश शुक्ला, पटकथा लिखी है सौम्या जोशी ने
उमेश इसके पहले ओह माय गॉड निर्देशित कर चुके है क्योंकि संजीदा विषय पर उमेश की पकड़ मजबूत है तो निसन्देह इस फ़िल्म पर विषय अनुरूप ह्यूमर(हास्य) मिलेगा जो कि निर्देशक का दायरा भी है
संगीत दिया है सलिम सुलेमान ओर रहमान ने
4 मई को फ़िल्म होगी रूबरू आपसे
पोस्टर से फ़िल्म हास्य से लबरेज होती हुई संदेशात्मक लग रही है|
उम्र के किस दौर में अमित जी और ऋषि जी जो काम कर रहे है
उनकी अभिनय क्षमताओं को सलाम
फ़िल्म समीक्षक, इदरीस खत्री

 

 

अबकी बार मुझे वोट मत देना कुएं में डाल देना – कटारिया ने कहा जनता को .

उदयपुर।  जनता जब नेताओं को वोट देती है तो उसके बदले में काम भी चाहती है और जब काम नहीं होता है तो जनता का हक़ है वह उन नेताओं से सवाल करे जिसको उसने वोट देकर जिताया है।  लेकिन सवाल करने पर अगर नेता वह भी राज्य के गृहमंत्री उसी जनता को यह कह दें कि ठीक हे अगली बार वोट मत देना कुएं में डाल देना तो ये बड़ी शर्म की बात है। ये नेता लोग जनता के सेवा का वादा लेकर चुनाव के आठ दिन पहले वोट मांगने के लिए हाथ जोड़ कर जनता के बिच में जाते है,.. और चुनाव जितने के बाद जब जनता इनसे सवाल करती है तो कहते हे अबकी बार मत देना वोट।
ऐसा किया है राजस्थान के गृहमंत्री गुलाबचंद कटारिया ने,…  अपने गृह क्षेत्र उदयपुर शहर विधानसभा में वार्डों का दौरा करते समय और वह भी  महिलाओं की एक उचित मांग पर ।  ।
जी हाँ ये बात है आज शुक्रवार की जन गृहमंत्री गुलाबचंद कटारिया उदयपुर नगर निगम के वार्ड १० में  जन सुनवाई कर रहे थे तब वहां की महिलाओं ने एक शराब के ठेके को लेकर विरोध किया और उसको हटाने की मांग की। कटारिया ने आश्वासन दिया की हटवा देंगे लेकिन महिलाएं जब मौका देखने की जिद करने लगी तो कटारिया फिर अपने मंत्री वाले तेवर में आगये महिलाओं से कह दिया के ठीक क्या होगा ज्यादा से ज्यादा वोट नहीं दोगे मत देना वोट डाल देना कुँए में दाल देना।
https://youtu.be/Y0ZW6q7UsvY
जनता से बात करने का नेताओं का यह मालिकाना रवैया ठीक नहीं है। यह जनता है और किसी भी बड़े से बड़े नेता को जमीन पर लाने में वक़्त नहीं लगाती फिर चाहे इस शहर के भाईसाब गुलाबचंद कटारिया ही क्यों ना हो। अगर आप जनता की समस्या चाहे चुनाव के वक़्त ही सही लेकिन अगर सुनने निकले है तो अपने तेवरों पर थोड़ा संयम रख कर जनता की बात सुननी चाहिए।

उदयपुर में हुआ ब्लास्ट तीन मंजिला मकान ही उड़ गया .

उदयपुर पोस्ट . बेडवास के गायत्री नगर में गुरुवार की शाम को एक मकान में एसा ब्लास्ट हुआ कि तीन मंजिला मकान ही ढह गया . जब ब्लास्ट हुआ उस वक़्त घर में ना मकान मालिक मोजूद थे ना ही कोई किरायदार मोजूद था. आशंका जताई जा रही है कि ब्लास्ट गैस सिलेंडर फटने से हुआ है लेकिन एक गेस सिलेंडर सही सलामत मलबे में से निकला, पुलिस मामले की जांच कर रही लोगों ने ब्लास्ट के ठीक पहले कीसी युवक को मकान के बाहर निकलते हुए और चिल्लाते हुए देखा था कि मकान में ब्लास्ट होने वाला है. जानकारी के अनुसार पुलिस ने उस युवक को भी हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की है .

यह विडियो भी देखिये 

https://www.youtube.com/watch?v=ofl9yschybc&t=7s

बेड़वास के गायत्री नगर निवासी भंवर सिंह पुत्र बालू सिंह शक्तावत के मकान में गुरुवार शाम ब्लास्ट हो गया। तब घर में कोई नहीं था, इसलिए जनहानि नहीं हुई। हालांकि बाहर से गुजर रही दो राहगीर महिलाएं जख्मी हुई हैं। पुलिस जांच में प्रथम दृष्टया एलपीजी सिलेंडर फटना सामने आ रहा है, लेकिन ऐसा कोई पुख्ता सुबूत नहीं मिला है। मलबे से एक सिलेंडर सुरक्षित निकला है। आसपास के लोगों के मुताबिक धमाका इतना तेज था कि इसे दो किलोमीटर दूर प्रतापनगर चौराहे तक सुना गया। पूरी कॉलोनी मेंं झटका महसूस किया गया। क्षतिग्रस्त मकान के सामने ही एक दुकान का शटर टूट गया और कुछ घरों में बर्तन गिर गए। मौके पर पूरी कॉलोनी आ जुटी। दो थानों की पुलिस के अलावा फायर ब्रिगेड, एंबुलेंस भी आई। किसी के दबे होने की आशंका में देर तक सर्च और रेस्क्यू ऑपरेशन चला। हालांकि कोई हताहत मलबे में नहीं मिला। पुलिस ने बताया कि भंवर सिंह अपने बेटे फतह सिंह और प्रहलाद सिंह के साथ यहां रहता है। वह ट्रक ड्राइवर है और पत्नी विष्णुकुंवर घर में आटा चक्की चलाती है। शाम को विष्णुकुंवर बड़े बेटे फतह सिंह के घर गई थी। मकान के बाहरी हिस्से की दुकान ट्रांसपोर्ट कंपनी को किराए दे रखी है, जो बंद थी। किरायेदार तीन छात्र भी किसी दोस्त के घर थे।

प्रत्यक्षदर्शी बोले- युवक चिल्लाते हुए निकला था घर से दूर रहना… और 10 मिनट बाद धमाका
आसपास के लोगों का कहना है कि घटना से पहले कोई युवक शक्तावत के घर से भागते हुए निकला था। वह चिल्ला रहा था कि घर से दूर रहना, ब्लास्ट होने वाला है। इसके 10 मिनट बाद धमाका हो गया। सूत्रों के अनुसार इस युवक को हिरासत में ले लिया गया है, लेकिन पुष्टि नहीं हुई है। क्षेत्रवासियों का अनुमान है कि डेटोनेटर से घर में ब्लास्ट किया होगा, क्योंकि मलबे में एलपीजी का एक सिलेंडर सही सलामत मिला है। घर वाले भी स्पष्ट जवाब नहीं दे पा रहे हैं कि उनके पास एक ही सिलेंडर था या या दो। बताया जाता है कि भंवर और छोटे बेटे प्रहलाद के बीच सुबह घर को लेकर विवाद हुआ था। इसके बाद भंवर काम से निकल गया। घटना के बारे में लाेगों से पता लगने के बाद भी वह देर रात तक नहीं लौटा था। इधर, फतह सिंह मौके पर आया, लेकिन प्रहलाद नहीं था।
आशियाने काे मलबे में तब्दील देख बिलखती विष्णुकुंवर (बाएं) और मलबे से निकला एलपीजी सिलेंडर।

पुलिस ने बताया कि मलबे से एक सिलेंडर निकला है। पुलिस घरेलू विवाद के एंगल से भी जांच कर रही है। हालांकि यह विस्फोट का कारण नहीं हो सकता। एफएसएल टीम शु़क्रवार सुबह घटना स्थल का मुअायना और जांच करेगी।

 

सलमान खान की जमानत पर कल होगा फैसला – आजका दिन भी कटेगा जेल में .

0

काला हिरण शिकार मामले में सलमान खान  अभी जेल में ही रहेंगे। सलमान खान की ओर से जिला एवं सत्र न्यायालय में पेश की गई सजा स्थगन आैर जमानत की अपील पर आज सुनवाई हुई। दोनों पक्षों की ओर से बहस की गई। अदालत ने मामले का पूरा रिकॉर्ड मंगवाया है। अब इस मामले में कल सुनवाई होगी। सुनवार्इ के दाैरान पूरा काेर्ट रूम खचाखच भरा था।

की सीजेएम ग्रामीण कोर्ट ने काला हिरण शिकार केस में सलमान खान को पांच साल की जेल और 10 हजार रुपए का जुर्माना लगाया गया था। मामले में सह आराेपी सैफ अली खान , तब्बू, नीलम और सोनाली बेंद्रे को बरी कर दिया गया .

शनिवार को सुबह 10.30 सलमान की जमानत पर सेशन कोर्ट के जज सुनाएंगे फैसला

– जज रवींद्र कुमार जोशी ने सलमान के वकील की सारी दलीलें सुनीं –

करीब डेढ़ घंटे चली बहस

– सेशन कोर्ट के जज रवींद्र कुमार जोशी सलमान की जमानत पर शनिवार को सुनाएंगे फैसला

– जोधपुर सेशन कोर्ट में सलमान खान की सजा के स्थगन पर बहस पूरी हो गई है.

– सेशन कोर्ट में सलमान की सजा के स्थगन पर बहस जारी, वकील ने कहा ‘लंबी चल सकती है बहस’

– सलमान के वकील महेश बोड़ा ने दलीलें पेश करनी शुरू कीं

– सेशन कोर्ट के बाहर इकट्ठा हुआ बिश्नोई समाज

– सेशन कोर्ट के जज रवींद्र कुमार जोशी ने सलमान खान की जमानत याचिका पर सुनवाई शुरू की

– सलमान के वकील महेश बोड़ा का दावा, मिल रही है धमकी. बोड़ा ने आरोप लगाया है कि उन्हें धमकी भरे कॉल और मैसेज आए. इसके बावजूद वह सलमान के केस से जुड़े रहेंगे.

– वकील ने जताया भरोसा, आज सलमान को मिल जाएगी जमानत

– सलमान की जमानत पर सुनवाई के लिए जज रवींद्र कुमार जोशी भी कोर्ट पहुंचे

– वकील देसाई और सलमान की दोनों बहनों के साथ सलमान के बॉडीगार्ड शेरा भी मौजूद हैं

– वकील आनंद देसाई के साथ सलमान की दोनों बहनें अलवीरा और अर्पिता सेशन कोर्ट पहुंचीं

– सेशन कोर्ट में जज रवींद्र कुमार जोशी करेंगे सुनवाई

– सलमान के खिलाफ केस दर्ज कराने वाले फॉरेस्ट अफसर ललित बोरा ने नागपुर में मीडिया से कहा कि उन्होंने कभी नहीं सोचा कि वह एक बॉलीवुड सितारे के खिलाफ कार्रवाई कर रहे हैं

– सुबह करीब 8.0 बजे सलमान के बॉडीगार्ड शेरा और उनके वकील आनंद देसाई जोधपुर सेंट्रल जेल पहुंचे

– आनंद देसाई के पास कुछ फाइलें हैं. वकील ने सलमान से कुछ बातचीत की और फाइलों पर उनके साइन लिए.

– आज सुबह 7.30 बजे सलमान ने जेल कैंटीन से अपने लिए ब्रेड और दूध ऑर्डर किया.

– सुबह 6.30 बजे सोकर जगे सलमान खान – सलमान की जेल में पहली रात बैचेनी में गुजरी

– रातभर सलमान उसी कपड़े में रहे, जो पहनकर वह गुरुवार को कोर्ट की सुनवाई में शामिल होने आए थे.

– रात 12.30 बजे सलमान बैरक के अंदर गए.

– रात 12.30 बजे तक सलमान बैरक के बाहर टहलते रहे

– सलमान ने जेल में रात का खाना लेने से किया इनकार

– जेल में सलमान का मेडिकल चेकअप हुआ, जिसमें उनका ब्लड प्रेशर बढ़ा मिला.

https://www.youtube.com/watch?v=ofl9yschybc&t=7s

जब जेल पहुंचे सलमान सलमान

जेल के अंदर जाते ही डीआईजी विक्रम सिंह के कमरे में गए और उनसे करीब डेढ़ घंटे बातचीत की. सलमान जोधपुर सेंट्रल जेल में पहले भी कुछ दिन बिता चुके हैं. इसी दौरान उनकी पहचान जिन कैदियों से हुई थी, उनके बारे में उन्होंने डीआईजी से जानकारी ली. उन्होंने कैदी रमेश के बारे में भी पूछा.

इसी दौरान उनका ब्लड प्रेशर चेक किया गया, जो बढ़ा हुआ था. हालांकि आधे घंटे बाद बल्ड प्रेशर सामान्य हो गया था. सलमान ने डीआईजी से बाथरूम के बारे में भी जानकारी ली. उन्होंने बाथरूम की टाइल्स के बारे में भी पूछा. डीआईजी के मुताबिक सलमान को इस बार बाथरूम अच्छी अवस्था में मिल रहा है. हालांकि सलमान चाहते हैं जेल में गीजर की भी व्यवस्था होनी चाहिए, लेकिन उन्होंने किसी बात की डिमांड नहीं की है.

जब सुनाई गई सलमान को सजा

जोधपुर की CJM कोर्ट ने गुरुवार को सलमान खान को जोधपुर के कांकणा में अक्टूबर, 1998 में दो काले हिरणों का शिकार करने का दोषी पाया. सलमान को दोषी करार दिए जाने के करीब तीन घंटे बाद कोर्ट ने सजा का एलान किया और सलमान को पांच साल की कैद और 10 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई.

हालांकि कोर्ट ने सलमान के साथ आरोपी बनाए गए सैफ अली खान, तब्बू, सोनाली बेंद्रे और नीलम को सबूतों के अभाव में बरी कर दिया. सलमान सहित सभी सितारे बुधवार को जोधपुर पहुंचे थे. इस मामले में अंतिम बहस 28 मार्च को हुई थी. इसके बाद सीजेएम ने अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था.

कोर्ट ने जब अपना फैसला सुनाया उस समय सलमान के साथ उनकी दोनों बहनें अलवीरा और अर्पिता उनके साथ कोर्ट रूम में ही मौजूद थीं और सजा का एलान होते ही वे सलमान से लिपटकर रो पड़ीं. सलमान खान भी दुखी और हताश नजर आए. कोर्ट रूम में उनके साथ सलमान के सबसे विश्वस्त बॉडीगार्ड शेरा भी मौजूद रहे.