खुशियों की चादर

रात 1 बजे फतेहसागर
उदयपुर , हर उदयपुर वासी को जिस घडी का इंतजार था वो घडी आगई रात 10 बजे दुनिया की खुबसूरत झीलों में से एक हमारी फतेहसागर झील छलक गयी ,फतेहसागर भी शहर वासियों को लुभाने के लिए शाम 6 बजे से अपनी शरारत कर रहा था हवा के झोको के साथ पानी ओवरफ्लो गेट के इस पार आने को बेताब था रह रह कर पानी हिचकोलो के साथ इस पार आता और लुभा कर रुक जाता एसा लगता मनो कोई प्रेमिका अपने प्रेमी को जुल्फों में घीरा अपना खुबसूरत चेहरा एक पल के लिए दिखा के फिर जुल्फों ढँक लेती हे , और आखिर लोगो की बेताबी और ख़ुशी झील से देखि नहीं गयी और शहर की ख़ुशी को रात १० बजे झील ने और बड़ा दी और पूरी तरह झील का पानी ओवरफ्लो गेट के इस पार आगया और चादर सी चल गयी, हजारो लोग इस घडी का इंतजार वही घंटो खड़े रह कर कर रहे थे उनके चेहरे ऐसे खिले मनो इस वर्ष का खुदा की तरफ से उन्हें ये अनमोल तोहफा मिला हो , खुशिया जाहिर हुई आतिश बाजी और मिठाइयाँ बाट कर ,पिछले 38 सालों में आज १८ वीं बार ओवरफ्लो हुआ हे फ़तेह सागर , 1976 में आज ही के दिन छलका था फतेहसागर

 

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1 COMMENT

  1. Janab Eid Mubarak

    Ab Manzil Door Nahi Apne Ashiyane Se
    Mehkegi Fiza Bhi Apne Ashiyane Se
    Yu to bhut Der Takta Raha Halate Humblee
    Waqt Bhi Dega Daad(Ashirwaad) Apne Ashiyane Se

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