जब चाहूं मुख्यमंत्री बन जाऊं लेकिन ,.. – हेमा मालिनी

फिल्म अभिनेत्री हेमा मालिनी का कहना है कि वे जब मुख्यमंत्री बनना चाहे तब बन सकती है, लेकिन ये पद बंधन भरा होने से वे बंधन में बंधकर नहीं रहना चाहती है। यह बात हेमामालिनी ने राजस्थान के बांसवाडा में कही यहाँ पर वह प्रस्तुति के लिए आई थी .
फिल्म अभी नेत्री और मथुरा से सांसद हेमामालिनी का कहना है कि मुख्यमंत्री का पद बड़ा बंधन भरा है इसलिए सांसद के रूप में जनसेवा ही अच्छा माध्यम है। अभिनेत्री और मथुरा सांसद हेमा मालिनी बांसवाड़ा में बुधवार को गुरु पूर्णिमा महोत्सव के तहत कृष्ण नृत्य नाटिका की प्रस्तुति के लिए आईं थी। उन्होंने कहा कि महिला आरक्षण बिल को लेकर सकारात्मक माहौल है, संसद में जल्द ही इस संबंध में निर्णय हो सकता है। उदयपुर से बांसवाड़ा कार से आने के दौरान हरी-भरी घाटिया देख बोलीं- बांसवाड़ा बहुत खूबसूरत है और यहां प्रकृति मेहरबान है। यहां आध्यात्म भी विशेष रूप से आकर्षित करता है। अभिनय और राजनीति के बारे में उन्होंने कहा कि अभिनय अलग क्षेत्र है और सांसद बनकर जनसेवा करना अलग क्षेत्र है। यहां लोगों को आपसे अपेक्षाएं अधिक होती हैं, जिन्हें पूरा करने के लिए काफी प्रयास करने होते हैं। मैंने अपने संसदीय क्षेत्र मथुरा में जाकर देखा तो वहां पानी, सफाई, सड़क आदि की समस्याएं थीं, जिन्हें हमने विभिन्न मंत्रालयों के मंत्रियों की मदद से ठीक किया। हेमा मालिनी ने कहा कि वे पहले भी शूटिंग के लिए उदयपुर आ चुकी हैं और यहां की लोकेशंस पर शूटिंग की काफी संभावनाएं हैं।
नई फिल्म के बारे में पूछे जाने पर वे बोलीं की मैं जल्दी ही तीन-चार फिल्में साइन करूंगी। एलएनजे मयूर मिल क्लब में स्वागत के दौरान उन्होंने पहले बांसवाड़ा को वलसाड़ कहा और फिर उन्हें बताया गया कि ये बांसवाड़ा है, ताे उन्होंने सही नाम लेते हुए कहा कि बहुत खूबसूरत जगह है।

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