नील नितिन मुकेश की उदयपुर में हुई राजस्थानी रॉयल अंदाज़ में शादी

neel nitinउदयपुर. बॉलीवुड स्टार नील नितिन मुकेश आखिर रूक्मिणी सहाय के साथ गुरूवार को परिणय सूत्र में बंध गए। इस रॉयल वेडिंग  के लिए नील नितिन और रूक्मिणी डिजाइनर शरत कृष्णन के डिजाइन किए गए जोड़े में बेहद खूबसूरत नजर आए। बारात निकासी विंटेज गाडिय़ों में हुई और होटल के रूफ टॉप पर सात फेरे हुए। पूरा होटल रेडिसन ब्लू को गुलाबी थीम पर सजाया गया था।

शाम को वर निकासी का कार्यक्रम हुआ जिसमें वर पक्ष की ओर से सभी लोग साफों में नजर आए। दूल्हे नील ने मेहरून और गोल्डन कलर का सूट पहना था तो गोल्डन कलर के साफे और कलगी में वे बेहद खूबसूरत नजर आए। शहर के शाही पगड़ी व साफा के जयंत कोठारी व जिनेश कोठारी ने नील को साफा पहनाया और वर-वधू पक्ष के खास लोगों को भी साफा पहनाया। इसी तरह दुल्हन ने भी लाल रंग का खूबसूरत चोली-लहंगा पहना था। नील चंूकि पीटा से जुड़े हुए हैं इसलिए उनकी बारात 2 लाल रंग की विंटेज कारों में निकाली गई। वहीं, काठ के हाथी की बग्घी में दुल्हन को वरमाला के लिए लाया गया।

सभी मेहमान काले सूट में और वर पक्ष केसरिया साफा व अचकन में थे। इस दौरान दूल्हे नील के पिता नितिन मुकेश, अभिनेता राजीव कपूर और ऋ षि कपूर ढोल नगाड़ों पर थिरकते नजर आए। शादी के बाद भव्य आतिशबाजी हुई। गुरूवार को दिन में जहां हल्दी कार्यक्रम हुआ तो वहीं पूल पार्टी भी हुई। इसके बाद दूल्हा और दुल्हन की टीम के बीच क्रिकेट मैच हुआ जिसमें जिसमें नील 11 की टीम ने  रूक्मिणी 11 की टीम को हरा दिया।

खाने में मेन कोर्स में काली मिर्च का मुर्ग, शिजवान चिकन, पालक मंगोड़ी, तवा हलवा, मावा कचौरी, जलेबी, कालबेलियों की ढाबेली, 4 तरह के सूप, 12 तरह के सेलेड, 8 स्टार्टर्स और कई तरह के डेजट्र्स थे। वहीं, दिन के खाने में ओरिएंटल कुजीन था जिसमें इटैलियन, मैक्सिकन, चाइनीज, थाई डिशेज थीं।

मारवाड़ी युवा मंच ने पुरे राजस्थान में केंसर जागरूकता की जगाई अलख

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हमारी उड़ान जैसी किसी और की उड़ान कहाँ है , जहाँ हम उड़ रहे हैं वहाँ आसमान कहाँ है।

IMG-20170203-WA0022उदयपुर। विश्व केंसर दिवस पर मारवाड़ी युवा मंच ने राजस्थान के शहरों में केंसर जागरूकता अभियान चला कर केंसर से लड़ने की अलख का आगाज़ किया। मारवाड़ी युवा मंच से जुड़े सभी सामोजों के युवाओं ने केंसर से जारी इस लड़ाई में बढ़ चढ़ कर हिस्सा लिया साथ ही केंसर जागरूकता का सन्देश दिया।
राजस्थान की स्टेट केंसर संयोजक डॉ. काजल वर्मा ने बताया कि मारवाड़ी युआ मंच की इकाइयों ने जयपुर, उदयपुर, नोखा, श्री गंगानगर, और सुजानगढ़ सहित ७ शहरों में विश्व केंसर दिवस पर विभिन्न जागरूकता अभियान शुरू किया।
डॉ। काजल वर्मा ने बताया कि जयपुर में मारवाड़ी युवा मंच जयपुर केपिटल एवं जयपुर मूमल के संयुक्त तत्वावधान में सेन्ट्रल पार्क में केंसर जागरूकता अभियान चलाया, जिसके अंतर्गत ४५२ शहर वासियों से जिन वस्तुओं के सेवन से केंसर होता है उनको सेवन नहीं करने का शपथ पत्र भरवाया गया। साथ ही पोस्टर और स्लोगन और पोस्टर के जरिये केंसर से बचने के बारे में जानकारी दी गयी । मंच से जुड़े युवाओं ने सेन्ट्रल पार्क में उपस्थित जन समूह से अभियान का हिस्सा बनने के लिए प्रेरित किया।

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उदयपुर शहर में मारवाडी युवा मंच उदयपुर एवं महिला लेकसिटी के संयुक्त तत्वावधान में अरावली इंस्टीट्यूट ऑफ नर्सिग में पोस्टर प्रतियोगिता का आयोजन किया गया जिसमे कॉलेज के छात्र-छात्राओं ने जोश के साथ हिस्सा लिया और कैंसर जागरूकता एवं तम्बाकु निषेध के ऊपर बहुआयामी पोस्टर्स प्रस्तुत किये। मारवाड़ी युवा मंच उदयपुर के अध्यक्ष पुनीत जैन, महिला लेकसिटी अध्यक्षा डॉ. प्रियंका जैन एवं कैंसर जागरूकता संयोजक जया कुचरू ने अपनी सहभागिता दी।

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नोखा शहर में स्थित मारवाड़ी युवा मंच की इकाई ने केंसर जागरूकता अभियान के अंतर्गत कई शहर वासियों से केंसर जनित वस्तुओं का सेवन नहीं करने के शपथ पात्र भरवाए। नोखा में मंच के युवाओं ने विभिन्न माध्यमो से केंसर से बचाव के उपाय बताए।

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श्री गंगानगर में मारवाड़ी युवा मंच की महिला प्रेरणा शाखा ने जवाहर नगर स्थित तपोवन भवन में निशुल्क जांच शिविर का आयोजन रखा जिसमे कई लोगों की निशुल्क जांच की गयी साथ ही उन्हें केंसर से बचाव और सावधानी के उपाय बताये गए।

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सुजानगढ शहर में मारवाड़ी युवा मंच की युगल शाखाओं द्वारा पोस्टर विमोचन किया गया।तथा कैंसर होने के कारण तथा बचाव के उपाय पर चर्चा की गई । पोस्टर विमोचन बुद्धिप्रकाश सोनी नेता प्रतिपक्ष सुजानगढ,गोविन्द बेराड़िया निवासी जयपुर ने किया। कार्यक्रम के दौरान
कई व्यक्तियों ने इस कार्यक्रम में कभी भी पान मसाला ना खाने की शपथ ली गयी।

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विश्व केंसर दिवस के मोके पर राजस्थान के प्रदेश अध्यक्ष केदार गुप्ता ने केंसर के प्रति मंच की इस लड़ाई के लिए मंच से जुड़े सभी युवा कार्यकर्ताओं को प्रतिबद्ध बताते हुए कहा कि यह मायने नहीं रखता कि हम कहाँ से चले,मायने ये रखता है कि हमारी मंज़िल कहाँ है। केदार गुप्ता ने कहा कि मारवाड़ी युवा मंच से जुडी राजस्थान की हर शाखा केंसर से लड़ने के लिए तय्यार है और जनसहभागिता के चलते एक दिन इस लड़ाई को जितने में भी हम कामयाब होंगे। श्री गुप्ता ने कहा कि राजस्थान प्रान्त की हर शाखा इतनी क़ाबिलियत और ख़्वाहिश रखती है कि हम बदलाव की बयार को राजस्थान से शुरू करें।

विश्व केंसर दिवस पर मारवाडी युवा मंच का जागरूकता अभियान

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mym logoउदयपुर। विश्व कैंसर दिवस पर मारवाडी युवा मंच उदयपुर एवं महिला लेकसिटी के संयुक्त तत्वावधान पोस्टर प्रतियोगिता विशाल रैली एवं केंसर पर कार्यशाला का आयोजन किया जारहा है। यह आयोजन अरावली नर्सिंग इंस्टीट्यूट एवं गीतांजलि केंसर हॉस्पिटल एवं रिसर्च सेंटर की सहायता से किया जा रहा है।
अखिल भारतीय मारवाड़ी युवा मंच द्वारा केंसर से लड़ने के लिए कई जागरूकता अभियान करवाए जा रहे है। इसी कड़ी में ४ फरवरी विश्व केंसर दिवस पर लेकसिटी में अभियान की शुरुआत की जारही है। ४ फरवरी को अरावली इंस्टीट्यूट ऑफ नर्सिग में पोस्टर प्रतियोगिता का आयोजन किया गया जिसमे कॉलेज के छात्र-छात्राओं ने जोश के साथ हिस्सा लिया और कैंसर जागरूकता एवं तम्बाकु निषेध के ऊपर बहुआयामी पोस्टर्स प्रस्तुत किये। इस प्रतियोगिता में मुरली मेनारिया प्रथम, प्रवीण ने द्वितीय तथा नीलम कसोटा, कल्पना कसोटा ने तृतीय स्थान प्राप्त किया। मारवाड़ी युवा मंच उदयपुर के अध्यक्ष पुनीत जैन, महिला लेकसिटी अध्यक्षा डॉ. प्रियंका जैन एवं कैंसर जागरूकता संयोजक जया कुचरू ने अपनी सहभागिता दी।

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मारवाड़ी युवा मंच की काजल वर्मा ने बताया कि मारवाड़ी युवा मंच उदयपुर एवं महिला लेकसिटी केंसर से बचाव एवं लड़ने के इस अभियान के लिए ९ फरवरी को कैंसर जागरण पर रैली का आयोजन करेगें। रैली में मे विभिन्न कोलेजों के छात्र छात्राएं एवं शहर वासी भाग लेंगे। वर्मा ने बताया की रैली सुबह फहत सागर से शुरू हो कर शहर के विभिन्न हिस्सों में घूम कर केंसर जागरूकता का सन्देश देगी। काजल वर्मा ने बताया की इसी दिन गीतांजलि केंसर हॉस्पिटल एवं रिसर्च सेंटर में केंसर पेशेंट के लिए मोटिवेशनल कार्यशाला का आयोजन करेगें जिसमे विशेषज्ञों द्वारा केंसर से लड़ने और केंसर पेशेंट भी सामान्य जीवन जी सकते है बताया जाएगा।
IMG-20170203-WA0022काजल वर्मा ने बताया कि अखिल भारतीय मारवाड़ी युवा मंच द्वारा केंसर से लड़ने एवं जागरूकता आयोजन करवाए जाते है। मारवाड़ी युवा मंच द्वारा केंसर से लड़ने के लिए एक टेग लाइन ” आई वी केन, आई केन ” को चुना है जिसके द्वारा इस घातक बिमारी को दुनिया से ख़त्म करने की कोशिश की जा रही है। अखिल भारतीय मारवाड़ी युवा मंच एक राष्ट्रव्यापी संस्था है जो २० राज्यों में फैले ७२७ शाखाओं और अपने ५०००० कार्यकर्ताओं के माध्यम से विभिन्न सामाजिक गतिविधियों को संचालित करने में लगी हुई है। संगठन अपने इस कार्यबल के बूते २५० अम्बुलेंस ४ कृतिम अंग उत्पादन केंद्र और २००० से ज्यादा शुद्ध पिने के पानी केन्द्रों का सफलता से सञ्चालन कर रहा है। मंच ने ८७००० विकलांग व्यक्तियों को निशुल्क कृतिम अंग प्रदान करने के साथ साथ पोलियो सर्जरी के कई सर्जरी शिविरों का भी सफल आयोजन किया है। मंच रक्त दान कन्या भ्रूण संरक्षण अभियान, स्वछता अभियान, वृक्षा रोपण आपदा राहत के अलावा कई समाज सुधार के कामों को भी सालों से करते आरहे है। केंसर विरोधी अभियान भी मंच के इस सामाजिक काम का ही हिस्सा है। इस अभियान के तहत मंच ने १० लाख युवाओं की मदद से केंसर रोधी जागरूकता फैलाने और इसके मरोजों की पहचान के लिए अभियान शुरू किया है।
इसके तहत एक लाख लोगों की निशुल्क जांच कर केंसर की पहचान करने का लक्ष्य रखा है। जिसके लिए केंसर स्क्रीनिंग बस जो सभी प्रकार की आधुनिक सुविधाओं से लैस है,
का सञ्चालन भी कर रहा है।

10वीं की छात्रा को ‘जिन्न’ ने बना दिया प्रेग्नेंट!

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POST news. मध्य प्रदेश में एक हर किसी को हत्प्रभ करने वाला मामला सामने आया है। यहां 10वीं की एक छात्रा का दावा है कि उसके साथ ‘जिन्न’ ने शारीरिक संबंध बनाए, जिसकी वजह से वह प्रेग्नेंट हो गई। मामला पन्ना जिले के देवेंद्र नगर इलाके का है। पुलिस ने केस दर्ज कर मामले की जांच शुरू कर दी है।

तहसील मुख्यालय देवेंद्रनगर से 18 किलोमीटर दूर सतना जिले के ग्राम शिवराजपुर में 10वीं की छात्रा रागिनी (बदला हुआ नाम) सोमवार सुबह सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में प्रसव के लिए पहुंची थी। स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती परचा दाखिल करते वक्त परिजनों ने पति की जगह पिता का नाम लिखाया तो ड्यूटी पर तैनात नर्स ने इस बात पर आपत्ति जताई।

परिजनों के अपनी बात पर अड़े रहने पर नर्स ने देवेंद्र नगर पुलिस थाने को सूचना दी। मामले की गंभीरता को देखते हुए एसआई कंचन सिंह खुद जांच करने के लिए पहुंचे तो रागिनी ने बताया कि उसकी शादी नहीं हुई है। वह लंबे समय से ‘जिन्न’ से परेशान है। माता-पिता को भी इस बारे में जानकारी है। उन्होंने तांत्रिक से झाड़-फूंक कराई, लेकिन जिन्न ने उसे परेशान करना बंद नहीं किया।

फिल्ड क्लब के रसूखदारों ने पुलिस के दम पर पहले तुड़वाया मकान बाद में दिया हर्जाना

fildclubउदयपुर। किसी भी अवैध निर्माण या अतिक्रमण को तोडने के लिए सरकार ने नगर निगम या युआईटी को अधिकृत किया है जो नियमों के अंतर्गत नोटिस देकर कारवाई करती है। लेकिन शहर के सबसे पोश इलाके में स्थित फिल्ड क्लब के बगल में शहर के चुने हुए रसूखदारों ने यह काम पुलिस के दम पर कानूनन और नियमों को ताक पर रख कर कर दिखाया। ८० सालों से काबिज एक परिवार को पुलिस की राठोडी के दम पर मकान ध्वस्त कर दिया। बाद में जब मामला बढ़ा तो फिर पुलिस ने अपनी गलती मानते हुए दोनों पक्षों में समझोता करवाया और रसूखदारों से निर्माण तोडने का हर्जाना भी दिलवाया।
प्रवीण वसीटा का परिवार पिछले ८० वर्षों से रसूखदारों की ऐशगाह फिल्ड क्लब के बगल में रहता आरहा है। मंगलवार दिन में अम्बामाता पुलिस का जाब्ता और जेसीबी अचनाक बिना किसी नोटिस के आगये और जेसीबी से मकान तोड़ दिया। मकान में रहने वाले प्रवीण वसीटा और उनका परिवार पुलिस से गुहार लगाते रहे लेकिन पुलिस ने एक नहीं सुनी। जब कि वहां पर ना तो युआईटी और ना ही नगर निगम का कोई अधिकारी या कर्मचारी मोजूद था जेसीबी भी फिल्ड क्लब के रसूखदारों द्वारा बुलवाई गयी थी। मोके पर मोजूद फतहपुरा पुलिस चोकी इंचार्ज इंदु बाला के अनुसार अम्बामाता थाना अधिकारी के मोखिक आदेश पर पुलिस जाब्ता वहां पर लगाया गया था। इधर थाना अधिकारी चंद्र्पुरोहित का कहना है कि पुलिस ने कोई भी निर्माण नहीं तोड़ा है फिल्ड क्लब के पदाधिकारियों द्वारा उन्हें सूचना दी थी कि अवैध अतिक्रमण को हटाने के दोरान विवाद हो सकता है , तो सतर्कता के लिए पुलिस लगाईं गयी थी। इधर मकान मालिक प्रवीण वसीटा का कहना है कि उसका परिवार पिछले 80 वर्षो से काबिज हे और उन्हें यह जगह राजा महाराजा द्वारा डी गयी है। लेकिन पिछले कई समय से रसूखदारों के ऐशो आराम के लिए लिए बने इस फील्ड क्लब के लोग इस जगह को हथियाना चाहते है। इस वजह से वे पुलिस के साथ मिल उनकी हिष्ट्रीशीट को आगे रख कर इस कारवाही को बेवजह अंजाम दे रहे है। परिवादी ने बताया की उनका यह मकान दादा पड़ दादा के समय से उनके पास हे और उनका परिवार इसपे काबिज़ है। यही नहीं इस मकान के बिजली और नल के कनेक्शन भी पिछले कई दशको से उनके पिताजी के नाम पर है। परिवादी ने आरोप लगाया हे की फील्ड क्लब के रसूखदारों ने पुलिस से मिलीभगत कर इस मकान को बिना नोटिस के तोड़ दिया है। हालाँकि बाद में पुलिस रक्षात्मक रवय्ये पर आगई और प्रवीण वसीटा द्वारा पुराने सारे कागज़ दिखाए जाने के बाद कब्जा भी वापस दिलवाया और तोड़ फोड का हर्जाना भी दिलवाया गया।

“एक्ट ऑफ़ गॉड” कह कर लापरवाही से डॉक्टरों ने शिशु का हाथ काट दिया था – अदालत ने लगाया जुर्माना

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उदयपुर. सिजेरियन से हुए प्रसव के बाद लापरवाही बरत कर नवजात की दांयी भुजा कटने और रक्तस्त्राव से मौत के मामले को चिकित्सकों ने रफा-दफा कर इसे “एक्ट ऑफ गॉड” बताया। स्थाई लोक अदालत ने तथ्यों व जांच रिपोर्ट के आधार पर चिकित्सकों की घोर  लापरवाही माना। अध्यक्ष केबी कट्टा व सदस्य शंभूसिंह राठौड़ ने इस कृत्य के लिए राजकीय पन्नाधाय तथा एमबी चिकित्सालय के अधीक्षकों को दोषी माना। न्यायालय ने राज्य सरकार जरिए जिला कलक्टर को आदेश दिया कि वे दो माह के भीतर परिवादिया को 1.25 लाख रुपए दो माह की अवधि में अदा करें।

इस राशि के अलावा पांच हजार रुपए अलग से आवेदन खर्च भी दें। अधीक्षकों के खिलाफ केलवाड़ा (राजसमंद) निवासी रणजीत पुत्र जवाहर मेघवाल व उसकी पत्नी  बबली मेघवाल ने न्यायालय में प्रार्थना पत्र पेश किया था।

यह था मामला 

जनवरी-2010 में बबली को प्रसव पीड़ा पर राजकीय चिकित्सालय केलवाड़ा दिखाया। वहां से जनाना चिकित्सालय रेफर किया गया। यहां 18 जनवरी-2010 को भर्ती किया। अगले दिन चिकित्सकों ने स्थिति गंभीर बताकर ऑपरेशन की आवश्यकता जताई। तीन घंटे बाद बबली ने शिशु को जन्म दिया। उसे नर्सरी में भर्ती किया गया। वहां शिशु की दांयी भुजा में रक्तस्त्राव का पता चला।

ऑपरेशन के दौरान चिकित्सकों ने लापरवाही से उसकी भुजा काट दी। अस्पताल अधीक्षक से निवेदन के बावजूद कोई प्रयास नहीं किए गए। रक्तस्त्राव से हालत गंभीर होती  गई तीन दिन मबाद उसने दम तोड़ दिया। पोस्टमार्टम में मृत्यु का कारण भी भुजा कटने से होना सामने आया।

अपनी लापरवाही को छिपाया 

चिकित्सकों ने लापरवाही से इनकार कर बताया कि परिजनों को ऑपरेशन से पहले बताया था कि नवजात कोख में आड़ा (ट्रांसवर्सलाई) है। उसका हाथ बाहर निकला है व बचने की संभावना कम है। जानकारी देने के बावजूद परिजनों ने लिखित में सहमति दी। कंधे पर घाव होने पर बच्चे का कार्डियोरेसिट सर्जन से इलाज करवाया था।

गुमराह कर झूठ बोला विभाग 

चिकित्सा विभाग की ओर से न्यायालय के समक्ष घटना के वास्तविक तथ्यों, परिस्थितियों के बावजूद आदेश न्यायालय में सही रूप से प्रस्तुत करने में उपेक्षा का भाव रखा गया।

प्रार्थी के अधिवक्ता ने गठित विभागीय जांच कमेटियों की रिपोर्ट को न्यायालय के समक्ष विपक्षी से प्रस्तुत करवाए जाने का आवेदन पेश किया तो विपक्षी ने कहा कि कोई विभागीय जांच कमेटी गठित हीं नहीं हुई।

परिवादी के अधिवक्ता ने बेडहेड टिकट व आंतरिक विभागीय जांच रिपोर्ट के अलावा सूचना के अधिकार के तहत संभागीय आयुक्त एवं डॉ.डीडी सिन्हा के जांच प्रति न्यायालय के समक्ष पेश की।

मामले में जांच से संबंधित चिकित्साधिकारी ने इलाज के दौरान बरती गई व्यक्तिगत लापरवाही को प्रमाणित माने जाने का तथ्य भी अंकित किया गया है जिसे अविश्वनीय माने जाने का कोई कारण न्यायालय के समक्ष नहीं है।

उदयपुर के पत्रकार लतीफ़ का जिला स्तरीय सम्मान

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उदयपुर। गणतंत्र दिवस पर राष्ट्रदूत के पत्रकार अब्दुल लतीफ़ को जिला स्तरीय सम्मान से नवाज़ा गया। अब्दुल लतीफ़ को यह सम्मान पत्रकारिता के क्षेत्र में अपने विशेष योगदान के लिए दिया गया।
२६ जनवरी को गांधी ग्राउंड आयोजित जिला स्तरीय गणतंत्र दिवस समारोह दौरान विभिन्न क्षेत्रों से जुड़े ९६ लोगों का सम्मान किया गया। जिला स्तरीय सम्मान की इस कड़ी में पत्रकारिता के शेत्र में अपना विशेष योगदान देने के लिए अब्दुल लतीफ़ को सम्मानित किया गया। समारोह के मुख्य अतिथि गृहमंत्री गुलाबचंद कटारिया द्वारा सम्मान पत्र दिया गया। अब्दुल लतीफ़ पिछले १० सालों से समाचार पत्रों से जुड़े हुए है। लतीफ़ ने समाचार पत्र में अपनी शुरुआत पेज मेकिंग से की और पिछले चार वर्षों से वे सक्रीय पत्रकारिता को अंजाम दे रहे है। उदयपुर में देश विदेश से सेलिब्रिटी आती है और लतीफ़ अपने विशेष सूत्रों के चलते सेलिब्रिटी रिपोर्टिंग में हमेशा अन्य समाचार पत्रों के रिपोर्टरों से अग्रणी रहे है । युवा लतीफ़ राष्ट्रदूत समाचार पत्र से जुड़े हुए है इसके अलावा उन्होंने अपराहन टाइम्स और मददगार में भी अपनी सेवाएं दी है।

रेजिडेंट डॉक्टर फिर हड़ताल पर

doctors-on-strikeउदयपुर . जोधपुर के चिकित्सालय में रेजीडेंट डॉक्टर्स के साथ हुई मारपीट के विरोध में आज उदयपुर के रेजीडेंट डॉक्टर्स भी हडताल पर उतर आये। हड़ताल के दौरान सीनियर डॉक्टरों ने कमान संभाली और मरीजों का इलाज किया हालाँकि रेजिडेंट डॉक्टरों के हड़ताल पर जाने से महाराणा भूपाल चिकित्सालय सहित आर एन टी मेडिकल कोलेज से सम्बंधित अन्य अस्पतालों में व्यवस्थाएं गडबडा गयी है।
जोधपुर में रेजिडेंट डॉक्टर्स के साथ हुई मारपीट के मामले में वहां के रेजीडेंट डाक्टर्स की चल रही थी उसके समर्थन में उदयपुर आरेंती मेडिकल कोलेज के रेजिडेंट डॉक्टर हडताल पर उतर गये ओर कामकाज का बहिष्कार कर दिया। दरअसल तीन दिन पहले जोधपुर में रेजीडेंट डाक्टर्स के साथ मारपीट हुई थी जिसके बाद दो रेजीडेंट डाक्टर्स को आईसीयू में भर्ती करवाया गया। जिनकी हालत अभी भी गंभीर बनी हुई है। जोधपुर के डाक्टर्स के हडताल के बाद आज उदयपुर के करीब साढे तीन सौ रेजीडेंट डाक्टर्स ने एक साथ काम का बहिष्कार करते हुए आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की। उदयपुर रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन के अध्यक्ष सांवरमल जाट ने कहा कि जोधपुर में रेजिडेंट के साथ मारपीट के आरोपियों को सख्त धाराओं में गिरफ‌्तार होना चाहिए। जब तक आरोपी गिरफ्तार नहीं हो जाते तब तक हडताल जारी रखने की चेतावनी दी है। रेजिडेंट के हडताल पर जाने के साथ ही मरीजों के लिये भी परेशानी शुरू हो गई। आज सुबह से आउट डोर में मरीजों की भारी भीड थी ऐसे में हडताल का एलान होने के साथ ही रेजिडेंट मरिजों का इलाज छोड चिकित्सालय से रवाना हो गये। दुसरी ओर आरएनटी मेडिकल कॉलेज प्रबंधन ने भी वरिष्ठ चिकित्सकों की ड्यूटी लगाकर मरिजों को राहत पहुंचाने की कोशिश शुरू कर दी है।

एमजी कॉलेज की छात्राओं ने ली अपने माता पिता से शपथ

oathउदयपुर . आखीरकार उदयपुर के मीरा कन्या महाविद्यालय में कोलेज प्रशासन और छात्रा संघ के बिच का विवाद कार्यकारणी की शपथ ग्रहण समारोह के साथ समाप्त हो गया। छात्राओं ने अपनी मांग के अनुरूप शपथ अपने माता पिता द्वारा ली।
उदयपुर के मीरा कन्या महाविद्यालय की छात्रसंघ कार्यलय का उद‌‌‌्घाटन और कार्यकारिणी का शपथग्रहण शुक्रवार को आखिरकार शुक्रवार को हो ही गया। कार्यकारणी द्वारा अपने शपथग्रहण कार्यक्रम में कियी जनप्रतिनिधि को नही बुलाकर अपने माता-पिता द्वारा ही शपथ ली गयी। गौरतलब है कि कोलेज प्रशासन और छात्रासंघ अध्यक्ष डिम्पल भावसार के बिच इसी बात का विरोध था कि छात्राएं चाहती थी कि वे उनके माता पिता द्वारा शपथ लेना चाहती थी जब कि कोलेज प्रशासन ने छात्राओं की बात को दरकिनार करते हुए जनप्रतिनिधियों को बुला कर कार्यक्रम आयोजित कर दिया था जिसके बाद विरोध में छात्राओं ने कार्यक्रम का बहिष्कार कर के शपथ नहीं ली थी, इस बात को लेकर बाद में भी दो बार कोलेज में हंगामा हो चुका है। अब कॉलेज प्राचार्य रामेश्वर आमेटा ने छात्रसंघ अध्यक्ष डिंपल भावसार और उनकी पूरी कार्यकारिणी को आयोजित कार्यक्रम में उनके माता-पिता की अध्यक्षता में शपथ दिलवाई। छात्रसंघ अध्यक्ष डिंपल भावसार ने बताया कि उनके लियें उनके माता-पिता से बढकर कोई भी कुछ नही है और पूरी कार्यकारिणी उनके साथ ही शपथ लेना चाह रही थीँ, लेकिन कॉलेज प्रशासन द्वारा बार-बार अन्य प्रतिनिधियों की अध्यक्षता में शपथ दिलवाई जा रही थीँ इसीलिए कार्यरिणी द्वारा इससे पहले यह शपथग्रहण दो बार टाला गया था।

कैमिकल फैक्ट्री अग्निकांड: अब तक 6 मजदूर चढ़ गए आग की भेंट, फैक्ट्री मालिक फरार, नहीं लगा पुलिस को सुराग

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उदयपुर. सुखेर औद्योगिक क्षेत्र की दीपा केमिकल फैक्ट्री में हुए भीषण अग्निकांड के तीसरे  दिन उपचार के दौरान एक और श्रमिक ने दम तोड़ दिया। इसके बाद हादसे में मृतकों की संख्या बढ़कर 6 हो गई। अस्पताल में उपचारत अन्य श्रमिकों की हालत गंभीर बनी हुई है। 60 से 70 फीसदी तक झुलसे श्रमिक दर्द से कराह रहे हैं। उनका असहनीय दर्द किसी से नहीं देखा जा रहा। गौरतलब है कि अग्निकांड का शिकार हुए 9 में से अब तक 6 की मृत्यु हो गई और 3 जने अब भी संघर्ष कर रहे हैं। उनके परिजन उनका दर्द किसी को बताते हुए रो पड़ते हैं। इधर, पुलिस ने फैक्ट्री का निरीक्षण कर मौका नक्शा बनाते हुए आवश्यक कार्रवाई की। फैक्ट्री मालिक मनीष जैन व दिनेश हरकावत की गिरफ्तारी के लिए दल उनके आवास पहुंचा तो दोनों उदयपुर छोड़कर बाहर भाग निकले। पुलिस उनकी तलाशी में जुटी है।

डीएनए या पोस्टमार्टम से होगी कंकाल की पहचान 

थानाधिकारी मांगीलाल पंवार ने बताया कि हादसे के दौरान फैक्ट्री में नौ जने कार्यरत थे। इनमें मुनीम राजेश (45) पुत्र मुनिश्वर दुबे अब तक लापता है। संभवत: मौके से मिला कंकाल उसका है, लेकिन अधिकृत रूप से मेडिकल बोर्ड से पोस्टमार्टम के बाद खुलासा हो पाएगा। राजेश के परिजन बुधवार रात को उदयपुर पहुंच गए। पुलिस ने बताया कि राजेश का एक हाथ कटा था। पोस्टमार्टम में अगर उसकी पुष्टि हो जाती है तो ठीक, नहीं तो डीएनए टेस्ट से पहचान करेंगे।