राजस्थान के युवक करेंगे खनन क्षेत्र में जम्बो ड्रीलिंग का काम

उदयपुर पोस्ट . हिन्दुस्तान जिंक ने सभी प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले अभ्यर्थियों के लिए आवास का भी प्रावधान किया गया है आवास में सभी प्रकार की सुविधाएं उपलब्ध है जिनमे कैंटीन, जम्बो वाशिंग मशीन भी शामिल हैं
हिन्दुस्तान जिंक माईनिंग एकेडमी में राजस्थान के 500 युवाओं को जम्बो ड्रिल एवं वाईन्डिग इंजन आॅपरेषंस में प्रषिक्षण दिया जा रहा है
खनन कार्यो में योग्य और उत्पादक कर्मचारी अत्यंत महत्वपूर्ण कड़ी है, हिन्दुस्तान जिंक अपनी माईनिंग एकेडमी में कई प्रकार के प्रषिक्षण की षुरूआत कर खनन क्षेत्र में कार्य करने के लिए जज़्बा रखने वाले उन युवाओं के लिए एक बेहतर उपलब्धी है जो कि आधुनिक मषीनो का कुषल प्रबंधन सीख कर इस क्षेत्र में अपना मुकाम हासिंल करना चाहते है।
हिन्दुस्तान जिं़क के हेड कॉरपोरेट कम्युनिकेशन पवन कौशिक ने बताया कि ‘हिन्दुस्तान जिं़क माईनिंग एकडमी’ स्थापित करने का मुख्य उद्देष्य राजस्थान के योग्य युवाओं को क्षमता के अनुसार रोजगार प्रदान करना हैै। वर्तमान में तकरीबन 200 राजस्थान के युवा प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे हैं, तथा जल्द ही उनको रोजगार भी प्राप्त हो जाएगा।‘

पिछले कुछ वर्षो से खनन क्षेत्र में दुनिया भर में अभूतपूर्व विकास हुआ है जिसका अपवाद भारत भी नही है। प्राकृतिक संसाधनों के क्षेत्र में मेनपाॅवर की हर वर्ष मांग बढ़ती गई है। इस मांग को पुरी करने के लिये कई अंतर्राष्ट्रीय स्तर के विषोषज्ञों ने शामिल हो कर खनन तकनीक और धातु उत्पादन और भविष्य की खनन तकनीक को मूर्तरूप देने की मंषा जताई है। भारत के प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने भी प्राकृतिक संसाधनो के क्षेत्र में बढ़ते रोजगार के अवसरों पर प्रकाष डाला है।
हिन्दुस्तान जिं़क भारत की एकमात्र सीसा, जस्ता और चांदी धातु उत्पादन कम्पनी है जो विष्व में प्रतिनिधित्व करती है। हिन्दुस्तान जिं़क की ओर से सामाजिक उत्तरदायित्व के तहत स्किल काउन्सिल फोर माईनिंग सेक्टर तथा इण्डियन इन्स्टीट्यूट आॅफ स्किल डवलपमेंट प्रा. लि. के सहयोग से स्थापित हिन्दुस्तान जिं़क माईनिंग एकडमी राज्य के लगभग 500 आईटीआई पास-आउट्स युवाओं को जम्बो ड्रिल आॅपरेषंस एवं वाईन्डिग इंजन आॅपरेषंस में प्रषिक्षण देने के लिए हिन्दुस्तान जिं़क आगामी पांच सालों में 30 करोड़ रुपये खर्च करेगा।

सभी प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले अभ्यर्थियों के लिए आवास का भी प्रावधान किया गया है आवास में सभी प्रकार की सुविधाएं उपलब्ध है जिनमे कैंटीन, जम्बो वाशिंग मशीन भी शामिल हैं

हिन्दुस्तान जिं़क द्वारा दोनों प्रषिक्षण कार्यक्रमों में चयनित उम्मीदवारों को आवासीय सुविधाएं व भोजन आदि की निःषुल्क व्यवस्था कराई गई है। आवासीय पाठयक्रम होने के कारण कक्षा में व्याख्यान और व्यावहारिक कार्यकुशलता को बेहतर तरीके से समझाना एवं विकसित करने के लिए विद्यार्थियों पर समान रूप से जोर दिया जा रहा है। प्रषिक्षार्थियों को विभिन्न पहलुओं जैसे साॅफ्ट स्किल, सामूहिक प्रयास, अनुषासन और समग्र व्यक्तित्व विकास के रूप में तैयार किया जा रहा है जिससे उनको भविष्य में स्थाई रोजगार हासिल करने में मदद मिलेगी।

इन प्रषिक्षणार्थियों को 2000 से 7000 रुपये तक मासिक स्टाईफण्ड भी दिया जा रहा है जो उनके कार्य निष्पादन से सीधा जुड़ा हुआ है। वर्तमान में प्रषिक्षण केन्द्र भीलवाड़ा, राजसंमद और उदयपुर के पास जावर में स्थित है।

खनन क्षेत्र में मानव संसाधन की कमी को दूर करने के लिए हिन्दुस्तान जिं़क ने भारत की पहली माईनिंग एकेड़मी की स्थापना की है जो जंबो ड्रिल तथा वाईडिंग इंजिन आॅपरेषन संचालन में आईटीआई उत्तीर्ण अभ्यार्थियों को प्रषिक्षित करेगी।

पैट्रोल और डीज़ल के दामों में भारी कटोती – पैट्रोल पुरे तीन और डीज़ल पुरे दो पैसा सस्ता

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उदयपुर पोस्ट . पैट्रोल और डीज़ल के बढ़ते दामों से परेशान जनता को बुधवार शाम होते होते भारी राहत मिली. तेल विपणन कंपनी इन्डियन ऑयल ने सरकार की लाज बचाते हुए दामों में भारी कटोती की है .

जी हाँ पैट्रोल पुरे तीन पैसे सस्ता हुआ है वही डीज़ल दो पैसे सस्ता हो गया है . पैट्रोल और डीज़ल के दामों में इस भारी कटोती के बाद पुरे देश में मानो ख़ुशी की लहर दौड़ गयी . लोग इस भारी कटोती के बाद सड़कों पर नाचते और पटाखे चलाते दिखे .

हालाँकि पैट्रोल के दामों में ये भारी कमी कांग्रेस को रास नहीं आई जाने क्यूँ कांग्रेस के राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी ने इसको जनता के साथ मजाक बताया . जब कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उनकी सरकार ने राहुल गांधी के उस चेलेंज का जवाब दो व् तीन पैसे सस्ता कर दिया जो उन्होंने कहा था कि प्रधानमंत्री मेरा चेलेंज स्वीकार करें और हिम्मत है तो पैट्रोल डीज़ल के दाम कम कर के बताएं . लो जी बता दिया अब बोलो . खेर विपक्ष है उनका काम ही अच्छे कामों में अडंगा लगाना है . जनता इस दो तीन पैसे में ही खुश है . 10 रूपये बढ़ा कर दो तीन पैसे कम करना हर सरकार के बस कि बात नहीं होती. माना जारहा है कि जनता को इसी तरह खुशियाँ मिलती रहेगी और बहुत जल्दी पैट्रोल के दामों को 100 के आंकड़े पर लाकर खडा कर दिया जाएगा और फिर इससे भी भारी कटोती की जाएगी वह कटोती होगी पुरे एक रुपय्ये कि जी हाँ आपने सही सूना , कही आप ख़ुशी के मारे पागल ना हो जाएँ 100 पैसे का नाम सुन कर इसके लिए यह व्यवस्था एक साथ नहीं और धीरे धीरे करेगी सरकार को आपके स्वास्थ की चिंता भी पूरी है . जब 99 पैट्रोल होगा तब आपको 99 का फेर भी समझ में आजायेगा . वह दिन बहुत जल्दी आने वाला है जब आप 100 रूपये से पूरा एक रुपय्या अपने घर बचा कर ले जा सकोगे . फिलहाल इस दो और तीन पैसे की ख़ुशी में जश्न मनाने का दिन है .

शहर की सुरक्षा भगवान् भरोसे – चोर लगातार तोड़ रहे है ताले .

पोस्ट न्यूज़। हिरणमगरी सेक्टर-5 स्थित पोस्टल कॉलोनी की सुरक्षा भगवान भरोसे है। यहां छह माह से लगातार क्वार्टर के ताले टूटने पर कॉलोनीवासियों ने अपने स्तर पर रात्रि गश्त पर गार्ड रखा तो इस बार चोर दिनदहाड़े एक क्वार्टर का ताला तोडकऱ लेपटॉप, कैमरा सहित कई सामान चुरा ले गए। चोरों ने इस बार रेल डाक सेवा के निरीक्षक भरतपुर निवासी संतोष पुत्र बालमुंकुद शर्मा के क्वार्टर नम्बर 30 का ताला तोड़ा। शर्मा ने बताया कि परिवार के सदस्य गांव में होने से वे अकेले रह रहे हैं।

सुबह 10.30 बजे वह कार्यालय चले गए। शाम छह बजे लौटे तो क्वार्टर का ताला टूटा हुआ मिला। अंदर जाने पर सारा सामान बिखरा पड़ा था। क्वार्टर से लेपटॉप, कैमरे के अलावा घरेलू सामान, तीन हजार रुपए नकद, पांच घडिय़ां, पायजेब सहित करीब 60-70 हजार का सामान चोर चुरा ले गए। शर्मा की सूचना पर हिरणमगरी थाना पुलिस ने मौका मुआयन कर मामला दर्ज किया।
पोस्टल कॉलोनी में 48 क्वार्टर में से करीब 45 में परिवार निवास कर रहे हंै। डाक विभाग की ओर से यहां किसी तरह के गार्ड या कैमरे की व्यवस्था नहीं है। पिछले छह माह में कॉलोनी में अधिकांश क्वार्टर के ताले टूटे, लेकिन एक भी चोर पकड़ में नहीं आया। लगातार चोरियों पर कॉलोनीवासियों ने अपने स्तर पर यहां रात में गार्ड रखा तो चोर अब दिनदहाड़े अंदर घुसने लगे।

राजस्थान में चोर, पुलिस के मूंह पर कालिख पोत रहे है – आईबी के आईजी के बाद अब एसीबी के बड़े अधिकारी की गाड़ी ले गए।

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पोस्ट न्यूज़। राजधानी में चोर मुख्य सचिव के बंगले के पास से आईबी के आईजी की टवेरा चोरी होने के कुछ दिन बाद ही बुधवार को लालकोठी मंडी से पीएचक्यू से कुछ फर्लांग दूरी पर भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो के (डिप्टी डायरेक्टर रेवन्यू) आरएएस उम्मेद सिंह की सरकारी टवेरा ले उड़े। सीसीटीवी कैमरे की फुटेज में चोर गाड़ी ले जाते नजर आ रहे हैं। लेकिन उनके चेहरे साफ नजर नहीं आए हैं। पुलिस ने शहरभर की नाकाबंदी करवाई, लेकिन चोरों का सुराग नहीं लगा।
गौरतलब है कि आइबी के आइजी की कार का अभी तक सुराग नहीं लगा है। तब आइजी केसी मीणा के चालक विनोद ने मोती डूंगरी थाने में कार चोरी होने का मामला दर्ज कराया था। इससे लगता है कि बेखौफ वाहन चोरों ने जैसे पुलिस के मुंह पर कालिख पोत दी है। अमूमन आमजन के वाहनों को टारगेट करने वाले चोर अब पुलिस की गाडिय़ों पर हाथ साफ कर रहे हैं।
पुलिस ने बताया कि चालक विद्याधर झालाना एसीबी मुख्यालय से झोटवाड़ा सनसिटी में रहने वाले आरएएस अधिकारी उम्मेद सिंह को लेने उनके घर जा रहा था। रास्ते में लालकोठी मंडी में मैस के लिए सब्जी लेने रुका। चालक ने लक्ष्मी
मंदिर के पीछे एक होटल के बाहर बुधवार सुबह 7.40 पर कार खड़ी की और सब्जी खरीदने मंडी में चला गया। करीब आठ बजे एक थैली गाड़ी में रख दी और दूसरी पैक थैली लेने चला गया। करीब तीन मिनट बाद ही सब्जी की थैली लेकर लौटे विद्याधर को गाड़ी नहीं मिली। तुरंत कन्ट्रोल रूम को सूचना दे शहर की नाकाबंदी करवा दी।
सीसीटीवी कैमरे की फुटेज में आया है कि दो चोर टवेरा के नजदीक पहुंचे, एक उसमें बैठ स्टार्ट करने लगा, दूसरा चालक विद्याधर व अन्य लोगों पर नजर रखे हुए था। पलभर में गाड़ी स्टार्ट हो गई और करीब सौ कदम चलने के बाद दूसरा चोर भी गाड़ी में बैठ गया था। एक ने सिर पर सफेद तोलिया बांध रखा था और उसके दाढ़ी थी।

CBSE 10वीं के नतीजे घाेषित, यहाँ देख सकते है रिज़ल्ट .

केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) की 10वीं कक्षा का परीक्षा परिणाम घोषित कर दिया गया है। नतीजे बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट। http://cbseresults.nic.in/      पर देख सकते  है

रिज़ल्ट देखने के लिए निचे क्लिक करिए

 

सीबीएसइ ने पहले ही कह दिया था रिजल्ट की तारीख की घोषणा रिजल्ट जारी होने से एक दिन पहले कर दी जाएगी। इस साल 10वीं की परीक्षाओं में कुल 16,38,428 शामिल हुए थे। 10वीं की परीक्षा 5 मार्च से शुरू होकर 4 अप्रैल तक चली थी।
गौरतलब है कि इस साल 10वीं का गणित और 12वीं का इकोनॉमिक्स का पेपर लीक हो गया था। जिसके बाद केवल इकोनॉमिक्स की परीक्षा का आयोजन दोबारा करवाया गया था जिसमें 6 लाख से ज़्यादा छात्र शामिल हुए थे।
पिछले साल रिजल्ट 3 जून को जारी किया गया था, जिसमें ओवरऑल 90.95% बच्चे पास हुए थे, जो साल 2016 के मुकाबले 5 फीसदी कम थे. साल 2016 में ओवरऑल 96.91 प्रतिशत बच्चे पास हुए थे। वहीं जिन छात्रों ने सीबीएसई बोर्ड की परीक्षा दी है वह आधिकारिक वेबसाइट पर रिजल्ट देख सकते हैं।
स्कूल शिक्षा सचिव अनिल स्वरूप ने एक ट्वीट में कहा, ”2017-18 के लिए 10वीं के नतीजे 29 मई को अपराह्न चार बजे तक घोषित किए जाएंगे।” सीबीएसई के 12वीं के नतीजे शनिवार को ही घोषित कर दिए गए हैं। गौरतलब है कि सीबीएसई के 12वीं के नतीजे गत शनिवार को घोषित किए गए थे।

हिन्दुस्तान जिंक के शिक्षा संबंल कार्यक्रम से जुडे 900 विद्यार्थी

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Udaipur Post. हिन्दुस्तान जिंक द्वारा चलायें जा रहे शिक्षा संबंल कार्यक्रम के अन्तर्गत ग्रीष्मकालीन प्रशिक्षण शिविरों में पंतनगर, उत्तराखण्ड सहित राज्य के 5 जिलों उदयपुर, राजसमंद, चित्तौडगढ़, भीलवाड़ा, अजमेर के 900 से अधिक बच्चें उत्साह से भाग ले रहे है। इन प्रशिक्षण शिविरों में बच्चों को विज्ञान, गणित और अंग्रेजी विषयों के साथ ही शारीरिक, खेलकूद, बौद्धिक और सांस्कृतिक गतिविधियां से जोडकर उनके सर्वागिंण विकास की और अग्रसर किया जा रहा है।
हिन्दुस्तान जिंक द्वारा विद्या भवन सोसायटी उदयपुर के सहयोग सेे विद्याभवन आॅडिटोरियम में आयोजित कार्यक्रम में ग्रीष्मकालीन प्रषिक्षण शिविर की औपचारिक शुरूआत की गयी। 15 मई से 17 जून तक आयोजित होने वाले इस आवासिय प्रशिक्षण शिविर में 300 बच्चें भाग ले रहे है। हिन्दुस्तान जिंक द्वारा जावर, दरिबा, देबारी चित्तौडगढ़, आगूचा, और कायड में इसी प्रकार के आयोजित शिविरों में 600 से अधिक बच्चें लाभान्वित हो रहे है।
कार्यक्रम के मुख्य अतिथि हिन्दुस्तान जिंक के कंपनी सचीव राजेंद्र पण्डवाल ने इस अवसर पर कहा कि विद्यार्थियों को इस मौके का लाभ उठाते हुए अपने लक्ष्य पर ध्यान केंद्रित कर सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन करना होगा। वर्तमान समय में शिक्षा का महत्वपूर्ण स्थान है साथ ही उसमें प्रतिस्पर्धा की भावना भी होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि इस शिविर में भाग लेने वाले विद्यार्थियों को वें भविष्य में इंजिनियर और डाक्टर के रूप मं देखना चाहेगें।
इस अवसर पर वेदान्ता सीएसआर हेड श्रीमती निलिमा खेतान ने शिक्षा संबंल परियोजना के बारे में विस्तार से जानकारी देते हुए विद्यार्थियों से कहा कि अगर कोई भी बच्चा संकल्प ले कि उसे सफलता का मुकाम हांसिल करना है तो उसे कोई नहीं रोक सकता बस जरूरत है उसे जूनून और जज्बे कि जिससे उपलब्धि हांसिंल कर स्वयं को श्रेष्ठ साबित किया जा सके जिसके लिए एकाग्रता और संकल्प की आवश्यकता है।
हिन्दुस्तान जिंक के हेड कार्पोरेट कम्यूनिकेशन पवन कौशिक ने बताया कि हिन्दुस्तान ज़िंक सदैव आगे बढ़कर ग्रामीण बच्चों के संपूर्ण विकास के लिये आगे आता रहा है शिक्षा संबंल कार्यक्रम के तहत अध्यापन में अभाव महसूस कर रहे बच्चों के लिये 10 वर्षो से लाभान्वित किया जा रहा है व हमें बेहद खुशी है कि हजारो बच्चे इसका लाभ उठा चुके है। ग्रीष्मकलीन प्रशिक्षण शिविरों में शिक्षण के साथ ही सुरक्षा के प्रति जागरूकता, कौशल, व्यवहार तथा अन्य गतिविधियों जैसे खेलकूद और सांस्कृतिक कार्यक्रमो से बच्चों में व्यक्तिगत और शिक्षात्मक सुधार होगा।
शिक्षा संबंल कार्यक्रम के तहत हिन्दुस्तान जिंक द्वारा 10वीं कक्षा से 12वीं कक्षा में अध्ययनरत विद्यार्थियों को सरकारी विद्यालयों में जहा पद रिक्त है विज्ञान, गणित एवं अंगे्रजी के विषयध्यापकों द्वारा शिक्षा दी जा रही हैं। इस वर्ष 7 स्थानों पर आयोजित किये जा रहे ग्रीष्मकालीन प्रशिक्षण शिविरों में छात्राओं की संख्या 50 प्रतिशत है जो कि हिन्दुस्तान जिंक के प्रति छात्राओं के अभिभावकों के विष्वास को दर्षाता हैं। इस आवासिय प्रषिक्षण षिविर में 10वीं एवं 12 वीं कक्षा में इस वर्ष प्रवेश लेने वाले विद्यार्थियों को विशेषज्ञ अध्यापकों द्वारा अध्यापन कराया जा रहा है जिससे वे इन विषयों के बारें में सामान्य जानकारी को रूचिकर तरिकों से सीख सकें। इस प्रकार के शिविर का आयोजन उदयपुर में विगत दो वर्षो से किया जा रहा है 2016 में जहां 70 बच्चें इसमें प्रतिभागी थे वहीं 2017 में 200 बच्चों ने इसका लाभ लिया।
कार्यक्रम में विद्या भवन से आयोजन सचिव एसपी गौड, वरिष्ठ सदस्य कमल महेन्द्रु, विद्या भवन सोसायटी के शिक्षा सलाहकार प्रसुन कुमार सहित हिन्दुस्तान ज़िंक की सभी ईकाईयों के सीएसआर अधिकारी सहित छात्र-छात्राएं एवं अभिभावक उपस्थित थें।

“निपाह” VIRUS का कहर, राजस्थान में हुआ अलर्ट – केरल में 12 की हो गयी मौत .

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उदयपुर। केरल के कोझिकोड जिले में Nipah Virus के संक्रमण से मरने वालों की संख्या 12 हो गई है। उधर इस बीमारी को लेकर राजस्थान के स्वास्थ्य विभाग ने सभी जिलों के मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारियों को अलर्ट कर दिया है। सभी मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारियों के वाट्सएप ग्रुप पर पुणे स्थित वायरोलॉजी लैब से इस वायरस के संबंध में जो भी अपडेट आ रहे हैं, उनको मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारियों को भेजा जा रहा है।
निपाह वायरस खजूर के पेड़ों में रहने वाले चमगादडों से फैलता है और इस वायरस के संक्रमण से दिमागी बुखार होता है और फिर मरीज कोमा में चला जाता है। विशेषज्ञों के मुताबिक निपाह वायरस हवा के जरिये नहीं फैलता। इसके फैलने का मुख्य कारण साधारण व्यक्ति का पीड़ित व्यक्ति के सीधे संपर्क में आना होता है।
इस वायरस के फैलने की शुरुआत दिमाग से होती है। पीड़ित व्यक्ति का दिमाग सूजने लगता है जिससे कुछ दिनों के लिए बुखार आ सकता है। चक्कर आना और दिमाग अच्छे से काम नहीं करना भी इसके लक्षण हैं। डॉक्टर्स बताते हैं कि यदि इसका समय रहते इलाज नहीं किया गया, तो पीड़ित कोमा में भी जा सकता है। इसलिए इसके लक्षणों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए।

खतरनाक वायरस से अभी केरल है ‘शिकार’ केरल के कोझिकोड में फैले निपाह वायरस (एनआईवी) से मंगलवार को दो और लोगों की मौत हो गई, जिससे इस जानलेवा बीमारी से मरने वालों की संख्या बढ़कर 12 हो गई है। इससे प्रभावित नौ लोगों का उपचार चल रहा है। घातक वायरस की चपेट में आए मरीजों के उपचार में लगी पेरम्बरा तालुक अस्पताल की नर्स लिनी (31) की भी एनआईवी की चपेट में आने से मौत हो गई।
सूत्रों ने बताया कि तेज बुखार के कारण अस्पताल में भर्ती पेराम्बरा के राजन और अशोकन की मंगलवार सुबह मौत हो गई। दोनों के रक्त नमूने जांच के लिए नेशनल वॉयरोलोजी इंस्टीट्यूट भेजे गए हैं।
निपाह पर दहशत में नहीं आएं, स्थिति नियंत्रण में: नड्डा इधर, केंद्र सरकार ने केरल में निपाह विषाणु के प्रभाव को नियंत्रण में बताया और लोगों से सोशल मीडिया में चल रही अटकलों तथा अफवाहों पर ध्यान नहीं देने की अपील की है। केंद्रीय परिवार एवं स्वास्थ्य मंत्री जगत प्रकाश नड्डा ने यहां निपाह से निपटने के उपायों पर एक समीक्षा बैठक के बाद यह टिप्पणी की।
बैठक में केरल में सामने आए निपाह वायरस के मामलों और इनमें हुई मौतों के संंबंधों में विस्तृत चर्चा की गई। नड्डा ने संबंधित अधिकारियों को निपाह से बचाव के लिए केरल सरकार को हरसंभव सहयोग और मदद उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। केंद्रीय चिकित्सकों के दल ने कई स्थानों का दौरा किया है और कुछ पीडि़त परिवारों के आवास को भी देखा है। इन आवासों से पकड़े गए चमगादडों के 60 नमूने जांच के लिए प्रयोगशाला भेजे गए हैं। दो मामलों में निपाह विषाणु की पुष्टि हुई है।
कर्नाटक और मप्र में हाई अलर्ट
उत्तरी केरल के कोझिकोड में निपाह वायरस के संक्रमण फैलाव के मद्देनजर कर्नाटक के दक्षिण कन्नड़ जिले में स्वास्थ्य विभाग ने हाई अलर्ट जारी किया है। इसी तरह, निपाह वायरस के कारण कुछ लोगों की मौत की सूचना के बाद मध्यप्रदेश में भी सरकार ने विशेष अलर्ट जारी कर दिया है।

Xiaomi ने 6 हज़ार रुपये कम कर दी अपने इस एडवांस फोन की कीमत

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शियोमी ने अपने पॉपुलर बेज़ल लेस डिस्प्ले वाले स्मार्टफोन Mi Mix 2 की कीमत में फिर से कटौती कर दी है. कंपनी ने इस फोन पर 3000 रुपये कम कर दिए हैं. इस फोन को पिछले साल अक्टूबर में लॉन्च किया गया था, जिसकी कीमत 35,999 रुपये रखी गई थी. और इससे पहले भी शियोमी ने इस फोन पर 3,000 रुपये कम किए थे. कटौती के बाद Mi Mix 2 को कस्टमर्स 29,999 रुपये में खरीद सकते हैं. इस फोन की असल कीमत 35,999 रुपये है.

Mi Mix 2 में 5.9 इंच का डिस्प्ले दिया गया है, जो एज-टू-एज यानी बेजल-लेस है. इसक अस्पेक्ट रेशियो 18:9 है. इसका डिस्प्ले फुल HD+ 2160 x 1080 रिजॉल्यूशन के साथ आता है.Photo: News18

स्मार्टफोन में 6GB रैम और 128GB की इंटरनल स्टोरेज दी गई है. कैमरे की बात करें तो मोबाइल में 12 मेगापिक्सल का रियर कैमरा दिया गया है जो डुअल टोन फ्लैश के साथ आता है और फ्रंट कैमरा 5 मेगापिक्सल का दिया गया है

पावर के लिए मोबाइल में 3,400 mAh की दमदार बैटरी दी गई है. यह मोबाइल क्विक चार्जिंग टेक्नोलॉजी 3.0 सपोर्ट करता है

कनेक्टिविटी के लिए इसमें डुअल सिम ट्रे है जिसमें दोनों नैनो सिम का ऑप्शन है. इसके अलावा इसमें कई स्टैंडर्ड सेंसर्स हैं. इनमें कंपस मैग्नेटोमीटर, ऐक्सेलरोमीटर, प्रॉक्सिमिटी सेंसर, जायरोस्कोप सेंसर, एंबिएंट लाइट सेंसर और बैरोमीटर शामिल हैं. इसके अलावा वाईफाई, जीपीएस, ब्लूटूथ, 3G और 4G कनेक्टिविटी भी दी गई है

 

 

MLSU रिवेल से कमाता है करोड़ों रुपया, पहले त्रुटी पूर्ण परिणाम घोषित बाद में सुधार के नाम पर छात्रों से वसूलता है रुपया .

उदयपुर . एक जिम्मेदार विश्वविध्यालय किस तरह कमाई के जरिये निकाल सकता है सोचा भी नहीं जा सकता . पहले त्रुटी पूर्ण परिणाम घोषित करना और फिर बाद में रिवेल के दौरान उस त्रुटी को निकालना विश्वविद्यालय की विश्वसनीयता पर  ही प्रश्न लगा देता है.

सुखाडिया विश्वविध्यालय में ये खेल सालों से चल रहा है और रिवेल के नाम पर छात्रों से प्राप्त होने वाली राशि करोड़ों में है. आलम यह है कि पिछले तीन वर्षों में सुविवि ने 3 करोड़ 62 लाख 700 रुपए सिर्फ रिवेल के आवेदनों से कमाए। जबकि रिवेल को लेकर विवि का कुल खर्च महज 25 लाख 10 हजार 278 रुपए ही रहा है। इसके अलावा 2 लाख 53 हजार 964 रुपए टीचर्स वेलफेयर फंड में खर्च और 2 लाख 53 हजार 479 रुपए टीडीएस में जमा किए गए थे। तीन वर्षों में सुविवि में 46 हजार 978 मामले आए थे। रिवेल को लेकर सुविवि की कमाई के खर्च का यह गणित अधिवक्ता सुधीर जारोली की ओर से लगाई गई आरटीआई के बाद सामने आया है। सुधीर ने 23 फरवरी 2018 को सुविवि से रिवेल को लेकर जानकारी मांगी थी .

आरटीआइ में सामने आया है कि रिवेल के आवेदनों में 77 प्रतिशत से ज्यादा मामलों में रिजल्ट में परिवर्तन किया गया। इसमें 2015 में 14509 मामले आए,लेकिन रिजल्ट बदलने की जानकारी नहीं दी गई है। 2016 में 15 हजार 451 मामले आए उसमें से 11 हजार 838 में रिजल्ट में बदलाव किया गया। 2017 में 17 हजार 18 मामलों में 13 हजार 319 में रिजल्ट बदला गया। अपीलार्थी सुधीर ने बताया कि सुखाडिय़ा विश्वविद्यालय ने संबंधित विषयों पर सूचना देने में भी आनाकानी की। आरटीआइ दाखिल करने के बाद भी लोक सूचना अधिकारी ने समय पर सूचना नहीं दी। इसके बाद अपीलार्थी ने कुलपति के समक्ष प्रथम अपील पेश की, जिसके बाद सूचना प्रदान की गई।

रात के अँधेरे में हाईकोर्ट बैंच का आंदोलन ख़त्म कर क्या मेवाड़ की जनता के साथ धोखा नहीं किया गया ?

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उदयपुर। उदयपुर में हाईकोर्ट बैंच की स्थापना के लिए वकीलों का धरना करीब एक महीने से चल रहा है। इस धरने को हर समाज हर संगठन ने जुड़ कर काफी बड़ा बना दिया, मेवाड़ वासियों ने हाईकोर्ट के इस आंदोलन को अपना आंदोलन समझा और इसके साथ जुड़ते चले गए।
दो दिन पूर्व पूर्व विधानसभा अध्यक्ष शांतिलाल चपलोत ने आमरण अनशन पर बैठ कर इस आंदोलन और धरने को और बड़ा बना दिया। फिर अचानक मात्र एक आश्वासन एक चिट्ठी पर आधी रात को ही अचानक से सारा खेल समाप्त कर दिया। जिस तरह से एक माह से जो धरना लगाया जारहा था जिसमे मेवाड़ वासियों मेवाड़ के हर सामाजिक संगठनों को साथ में जोड़ा गया क्या वह सिर्फ एक नाटक था ?
जो आश्वासन इन एक महीने के धरने और ढाई दिन के आमरण अनशन का नाटकीय अंदाज़ से मिला वह आश्वासन और मुख्यमंत्री से मिलने का समय तो वैसे ही मिल जाता। फिर इस आश्वासन के लिए इतनी बड़ी नौटंकी कर मेवाड़ की जनता के साथ छल करने की कहाँ जरूरत थी।

दरसल उदयपुर बार एसोसिएशन के अध्यक्ष का कार्यकाल एक वर्ष का होता है। इस एक वर्ष में अध्यक्ष के पास कहने को और दिखाने को कुछ होता नहीं है ऐसे में ले दे कर हर वर्ष नया अध्यक्ष अपने अपने स्तर पर हाईकोर्ट बैंच की स्थापना के लिए आंदोलन करता है। और यह नूरा कुश्ती पिछले बीसियों सालों से चल रही है। इस साल बार के अध्यक्ष रामकृपा शर्मा है जिन पर संघ और भाजपा दोनों की अच्छी खासी कृपा है इसलिए उन्होंने इस आंदोलन को कुछ ज्यादा बड़ा बना दिया और एक एक कर मेवाड़ वासी भी राजनीति के इस प्रायोजित खेल में जुड़ते गए। आमरण अनशन के बाद जैसे ही आलाकमान से आदेश हुए आधी रात को अध्यक्ष और कार्यकारणी को पहुंचे पांच अधिवक्ता चुपचाप सर झुलाये सर्किट हाउस पहुंचे और सरकार के नुमाइंदे मंत्री कृपलानी की सारी बातें मान ली और उसी वाट रातों रात अनशन और धरने आंदोलन का खात्मा कर दिया। जब सभी मेवाड़ वासियों को आंदोलन के साथ जोड़ा था तो सुबह सभी के जागने का इंतज़ार भी कर सकते थे। मेवाड़ वासियों के जागने का नहीं अपने दूसरे साथी वकीलों का भी जागने का इंतज़ार किया जा सकता था। लेकिन ऐसा नहीं हुआ और रात के अँधेरे में एक अच्छे आंदोलन पर राजनीती की कालिख पूत गयी। ज़ाहिर सी बात है बाकी वकीलों का गुस्सा आएगा ही कुछ वकीलों ने शांतिलाल चपलोत के मुँह ऊपर कालिख पोत दी और कुछ ने पोस्टर फाड़ दिए।
लेकिन एक बात जो बार एसोसिएशन के सभी पदाधिकारियऑपन अध्यक्ष और आने वाले अध्यक्षों को भी ध्यान में रखनी चाहिए। आप लोग धनरे लगाओ प्रदर्शन करो लेकिन इस तरह मेवाड़ वासियों को एक साथ लेकर उनकी भावनाओं के साथ खिलवाड़ मत करो। आपको हाईकोर्ट बैंच लानी हो तो लाओ नहीं लानी हो तो नहीं लाओ लेकिन इस तरह आम जनता का मजाक मत बनाओ। पिछले एक माह से हर आम जनता हर समाज आपके समर्थन के लिए धरना स्थल पर आरहा है लेकिन आपने क्या किया अपने आलाकमान की सिर्फ एक धुडकी से इस आंदोलन को कूड़े में डाल दिया।
क्या जनता नहीं जानती आप लोगों को मुख्यमंत्री बुला कर क्या कहेगी क्या आश्वासन देंगी जो आश्वासन मुख्यमंत्री अभी देंगी वह आश्वासन धरने के पहले भी मिल सकता था फिर उसके लिए इतनी बड़ी नौटंकी करने की क्या जरूरत बार एसोसिएशन की कार्यकारणी अपने कार्यकाल में एक बड़ा आंदोलन गिनवा सके बस ,.. यह सब इसी के लिए किया था ,..मौजूदा कार्यकारणी और अध्यक्ष ने यह सिर्फ अपने नंबर बढ़वाने के लिए किया था तो फिर शायद अगली बार से आम जनता को आप अपने इस आंदोलन में नहीं जोड़ पाओगे क्यों की इतना बड़ा धोखा सिर्फ एक बार दिया जा सकता है बार बार नहीं।