
न्यूज़ पोस्ट. कॉलेजोंमें पढ़ रहे छात्र-छात्राओं के मुख्यमंत्री उच्च शिक्षा छात्रवृत्ति योजना के साथ चार अन्य योजनाओं के आवेदन पत्र भरना शुरू हो गए हैं। आवेदन इस बार 9 नवंबर तक ऑनलाइन भरे जाएंगे। इसके लिए ऑनलाइन स्कॉलरशिप पोर्टल चालू कर दिया गया है।
आवेदन के लिए भामाशाह कार्ड एसएसओ आईडी होना अनिवार्य होगा। कॉलेज शिक्षा विभाग की ओर से सीएम स्कॉलरशिप सहित मेधावी छात्रा स्कूटी योजना, देवनारायण छात्रा स्कूटी वितरण और प्रोत्साहन राशि योजना, विधवा परित्यक्ता मुख्यमंत्री (बीएड) संबल योजना के तहत आवेदन मांगे गए हैं। कॉलेज शिक्षा में इन योजनाओं के आवेदन पहली बार ऑनलाइन हो रहे हैं, इसलिए गाइडलाइन जारी की गई है। ये आवेदन सरकारी, निजी तकनीकी शिक्षा कॉलेजों के विद्यार्थियों द्वारा किए जा सकेंगे। इसके लिए 12वीं इसी वर्ष राजस्थान बोर्ड से 60 प्रतिशत अंकों के साथ उत्तीर्ण होना, राजस्थान का मूल निवासी होना और वार्षिक आय 2.50 लाख से कम होना पात्रता है।
छात्रवृति आवेदन के लिए पोर्टल पर पंजीकरण करने पर छात्र को यूजर आईडी पासवर्ड मिलेगा। इससे वह कभी भी अपने आवेदन की स्थिति जानकर आगे किसी पाठ्यक्रम में छात्रवृति के लिए आवेदन कर सकेगा। पासवर्ड हासिल करने के बाद ऑनलाइन आवेदन करना होगा, जिसमें वांछित जानकारी अनिवार्य रूप से भरनी होगी। फिर सभी जरूरी दस्तावेज ऑनलाइन छात्रवृति पोर्टल पर अपलोड करके आवेदन पत्र सेव करना होगा। यदि विद्यार्थियों को अपने शैक्षणिक संस्थान का नाम पोर्टल पर दिखाई नहीं देता है तो उन्हें अपने कॉलेज में संपर्क करना होगा।
पहले अपडेट करनी होगी एसएसओ प्रोफाइल
विद्यार्थियोंको अपना छात्रवृत्ति प्रोफाइल पंजीकृत करने से पहले अपनी एसएसओ आईडी प्रोफाइल अपडेट करनी होगी। इसमें अपनी जन्म दिनांक, मोबाइल नंबर, भामाशाह आईडी, आधार नंबर आदि सूचना अंकित करनी होगी। एसएसओ आईडी एवं छात्रवृत्ति प्रोफाइल केवल एक बार ही तैयार करनी होगी। इसके आधार पर ही विद्यार्थी सरकार की अन्य योजनाओं में आवेदन कर सकेंगे।
इन दस्तावेजों की जानकारी जरूरी
-आधार संख्या या आधार पंजीकरण संख्या रसीद सहित।
– भामाशाह आईडी अथवा भामाशाह पंजीकरण संख्या रसीद सहित।
– अपनी बैंक खाता संख्या, आईएफएससी कोड, एमआईसीआर कोड, बैंक शाखा का नाम।
– शैक्षणिक संस्थान का नाम, जहां विद्यार्थी अध्ययनरत है।
– अपने पाठ्यक्रम का नाम।
-वर्तमान शैक्षणिक सत्र में प्रवेश की दिनांक।
– स्वयं का ई-मेल आईडी।
– गत अंतिम परीक्षा की अंकतालिका।
– अन्य छात्रवृति नहीं लेने का शपथ पत्र (नॉन ज्यूडिशियल स्टांप पेपर पर)
– आय का घोषणा पत्र।
-मूल निवास प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र, 10वीं की अंकतालिका।
-विवाहित या तलाकशुदा महिला की स्थिति में संबंधित प्रमाण पत्र।
-मदवार फीस की रसीद संख्या, दिनांक एवं मदवार राशि का विवरण।




उदयपुर। भ्रष्ट लोक सेवकों को बचाने के लिए लाया गया दण्ड प्रक्रिया संहिता संशोधन विधेयक -२०१७ का चैतरफा विरोध हो रहा है। राजस्थान सरकार के इस तुगलकी विधेयक के विरोध में उदयपुर के पत्रकार भी उतर आये। लेकसिटी प्रेस क्लब के बैनर तले पत्रकारों ने आज जिलाकलेक्त्र को इस काले कानून के विरोध में राज्यपाल के नाम ज्ञापन दिया।





-Recurrent sinusitis due to obstruction to drainage of sinus.

राजस्थान की वसुंधरा राजे सरकार सोमवार से शुरू हो रहे विधानसभा सत्र में एक ऐसा बिल लाने जा रही है जो एक तरह से सभी सांसदों-विधायकों, जजों और अफ़सरों को लगभग इम्युनिटी दे देगा. उनके ख़िलाफ़ पुलिस या अदालत में शिकायत करना आसान नहीं होगा. सीआरपीसी में संशोधन के इस बिल के बाद सरकार की मंज़ूरी के बिना इनके ख़िलाफ़ कोई केस दर्ज नहीं कराया जा सकेगा. यही नहीं, जब तक एफआईआर नहीं होती, प्रेस में इसकी रिपोर्ट भी नहीं की जा सकेगी. ऐसे किसी मामले में किसी का नाम लेने पर दो साल की सज़ा भी हो सकती है.