सीकर पोस्ट। सीकर जिले के खंडेला विधानसभा क्षेत्र के ग्राम पंचायत कांवट के कोष में 2 करोड़ रुपए होने के बावजूद विकास कार्य अटके पड़े हैं। विकास कार्यों को अटकाने का सीधा सीधा आरोप सरपंच मीना सैनी ने स्थानीय विधायक व चिकित्सा राज्यमंत्री बंशीधर बाजिया पर लगाया है।
कांवट सरपंच मीना सैनी ने प्रेस वार्ता में चिकित्सा राज्यमंत्री बाजिया पर निशाना साधते हुए कहा विकास कार्यों के लिए पंचायत ने करीब 70 लाख रुपए के कार्य स्वीकृत किए हैं, लेकिन राज्यमंत्री बाजिया इन विकास के कार्यों में बाधक बने हुए हैं।
सरपंच का आरोप है कि बाजिया जनहित के कार्यों की तकनीकी स्वीकृति जारी नहीं होने दे रहे हैं। सरपंच ने कहा कि प्रशासनिक अधिकारियों के पास जाने पर जवाब मिलता है कि राज्यमंत्री बाजिया ने विकास कार्यों को स्वीकृति जारी नहीं करने के लिए कह रखा है।
सरपंच मीना सैनी विकास कार्य शुरू करवाने के लिए पंचायतीराज मंत्री राजेन्द्र राठौड़ सहित संभागीय आयुक्त तक गुहार लगा चुकी है। इसके अलावा मुख्यमंत्री को भी मेल कर मामले की शिकायत की है, मगर कोई समाधान नहीं हो रहा। सरपंच ने प्रशासनिक अधिकारियों पर भी सहयोग नहीं करने का आरोप लगाया है।
खंडेला तहसील की दो ग्राम पंचायत मुख्यालयों ठीकरिया व मलिकपुर में उच्च माध्यमिक विद्यालय नहीं हैं। इससे बेटियां उच्च शिक्षा से वंचित हो रही हैं। विद्यार्थियों को दसवीं के बाद या तो निजी स्कूल या फिर रींगस, पलसाना, सीकर, श्रीमाधोपुर जाना पड़ता है।
गरीब तबके की कुछ बेटियों दसवीं के बाद पढ़ाई छोड़ देती हैं। महामंत्री भाजपा खण्डेला नंदकिशोर जांगिड़ ने बताया कि दोनों पंचायत मुख्यालयों पर माध्यमिक से उच्च माध्यमिक क्रमोन्नत करवाने के लिए विधानसभा बजट सत्र के दौरान व इससे पूर्व भी चिकित्सा राज्य मंत्री बंशीधर बाजिया व सैनिक कल्याण बोर्ड अध्यक्ष प्रेमसिंह बाजौर से अनुशंसा करवाकर शिक्षामंत्री वासुदेव देवनानी के कार्यालय में प्रस्ताव दिया था। शिक्षामंत्री ने स्कूलों को क्रमोन्न्त करने का आश्वासन दिया है।

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